सितंबर 2026 में ऑटो सेक्टर ने रफ्तार पकड़ी है। Axis Securities की रिपोर्ट के मुताबिक, Eicher Motors और Tata Motors की अगुवाई में ऑटो सेगमेंट में डबल-डिजिट ग्रोथ देखी गई है, लेकिन वित्त वर्ष 2027 की दूसरी छमाही (H2) में डिमांड नरम रह सकती है।
बाजार की मौजूदा स्थिति
सितंबर 2026 की परफॉर्मेंस रिपोर्ट में कमर्शियल व्हीकल (CV) सेगमेंट ने बाजी मारी है। ईयर-ऑन-ईयर आधार पर CV सेगमेंट में 30% की ग्रोथ देखी गई है, जबकि पैसेंजर व्हीकल्स (PV) ने वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में 26% की बढ़त दर्ज की है।
प्रमुख खिलाड़ियों का हाल
रिपोर्ट के अनुसार, CV मैन्युफैक्चरर्स Eicher Motors और Tata Motors ने क्रमशः 52% और 31% की शानदार ग्रोथ दिखाई है। Maruti Suzuki ने भी पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट में 24% की बढ़त के साथ मजबूती बनाए रखी है। वहीं दूसरी ओर, खराब मानसून की वजह से ट्रैक्टर सेगमेंट का बुरा हाल है, जिसमें सितंबर में 19% की गिरावट दर्ज की गई है।
क्यों है H2 में सुस्ती का डर?
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाली छमाही में ग्रोथ का पेस धीमा हो सकता है। इसके पीछे मुख्य कारण 'हाई बेस इफेक्ट' और ग्रामीण मांग में कमी है। साथ ही, कच्चे माल की कीमतों में अस्थिरता, व्हीकल की बढ़ती कीमतें और महंगाई जैसे मैक्रो-इकोनॉमिक फैक्टर्स बाजार के लिए चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं।
सेक्टर आउटलुक
Axis Securities ने टू-व्हीलर सेगमेंट पर लॉन्ग-टर्म पॉजिटिव नजरिया रखा है। वहीं, ट्रैक्टर सेगमेंट को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। निवेशकों को सलाह है कि वे आने वाले समय में Eicher Motors, TVS Motors, Ashok Leyland और Tata Motors के मार्केट शेयर ट्रेंड पर करीबी नजर रखें।
