Wallfort Financial Services के लिए फाइनेंशियल ईयर 2026 निराशाजनक रहा है। पिछले साल **₹12 करोड़** का मुनाफा कमाने वाली कंपनी इस बार **₹3 करोड़** के नेट लॉस (Loss) में आ गई है।
भारी गिरावट के कारण
कंपनी की ऑपरेशनल रेवेन्यू में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। यह पिछले साल के ₹33.36 करोड़ से घटकर केवल ₹4.80 करोड़ पर आ गई है। मैनेजमेंट के अनुसार, मार्केट की उठापटक और ग्लोबल मैक्रो-इकनॉमिक अनिश्चितताओं का सीधा असर कंपनी के इन्वेस्टमेंट पोर्टफोलियो पर पड़ा है, जिससे वैल्यूएशन में कमी आई है।
डिविडेंड और लीडरशिप पर अपडेट
खराब प्रदर्शन का असर निवेशकों पर भी पड़ा है, क्योंकि बोर्ड ने इस साल किसी भी तरह के डिविडेंड (Dividend) का ऐलान नहीं किया है। साथ ही, कंपनी ने मनोज भारदिया (Manoj Bharadia) को फिर से होल-टाइम डायरेक्टर के रूप में नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा है, जिनका नया कार्यकाल 1 नवंबर 2026 से शुरू होगा।
आगे का रास्ता
कंपनी अब अपनी 31वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) की तैयारी कर रही है, जो 25 सितंबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए होगी। कंपनी के सामने फिलहाल मार्केट वोलेटिलिटी, साइबर सुरक्षा और टैलेंट रिटेंशन जैसी चुनौतियां हैं। हालांकि मैनेजमेंट का कहना है कि कंपनी के पास पर्याप्त कैपिटल है, लेकिन निवेशकों के लिए लिक्विडिटी मैनेजमेंट को ट्रैक करना अब बहुत जरूरी हो गया है।
