उदय नारंग, Pasupati Fincap Ltd में 26% हिस्सेदारी के लिए ₹12 प्रति शेयर की दर से ₹1.46 करोड़ की ओपन ऑफर लेकर आए हैं। यह कदम एक शेयर खरीद समझौते के बाद उठाया गया है, जिसमें उन्होंने 11.55% स्टेक खरीदा था।
क्या हुआ?
उदय नारंग ने Pasupati Fincap Ltd के 26.00% वोटिंग शेयर कैपिटल यानी 12,22,000 इक्विटी शेयर्स खरीदने के लिए ओपन ऑफर शुरू किया है। इस ऑफर का प्राइस ₹12.00 प्रति शेयर तय किया गया है, और कुल ऑफर साइज लगभग ₹1.46 करोड़ का है। यह कदम 5 अगस्त 2026 को हुए एक शेयर खरीद समझौते (SPA) के बाद उठाया गया है, जिसके तहत नारंग ने मौजूदा प्रमोटर दिनेश पारेख से ₹12 प्रति शेयर के भाव पर 5,42,925 शेयर (11.55% स्टेक) खरीदे थे।
क्यों है यह अहम?
अगर यह ओपन ऑफर सफल होता है, तो उदय नारंग मौजूदा प्रमोटर ग्रुप की जगह लेंगे और Pasupati Fincap का कंट्रोल अपने हाथ में ले लेंगे। यह ऑफर मौजूदा शेयरधारकों को ₹12 प्रति शेयर के फिक्स्ड प्राइस पर बाहर निकलने का मौका दे रहा है। हालांकि, कंपनी की हालिया वित्तीय स्थिति चिंताजनक है। 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए कंपनी की नेट वर्थ (-) ₹55.83 लाख है और इसी अवधि में ₹33.83 लाख का नेट लॉस भी दर्ज किया गया है।
पिछली कहानी?
Pasupati Fincap पिछले कुछ फाइनेंशियल ईयर से वित्तीय चुनौतियों का सामना कर रही है, जो कि इसकी निगेटिव नेट वर्थ से जाहिर होता है। 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही में कंपनी ने ₹45.00 लाख का ऑपरेशनल इनकम दिखाया, लेकिन नेट लॉस हुआ। FY2026 के ऑडिटेड नतीजों में भी (-) ₹29.54 लाख का लॉस आफ्टर टैक्स दर्ज किया गया था।
अब क्या बदलेगा?
यदि ओपन ऑफर पूरी तरह सब्सक्राइब होता है, तो उदय नारंग Pasupati Fincap का नियंत्रण हासिल कर लेंगे। खरीदार ने मौजूदा बिजनेस ऑपरेशंस को जारी रखने और वर्तमान कर्मचारियों को बनाए रखने की योजना बताई है। बिजनेस में बड़े बदलाव या एसेट्स की बिक्री के लिए बोर्ड और शेयरधारकों की मंजूरी की आवश्यकता होगी।
जोखिम क्या हैं?
शेयरधारकों के लिए मुख्य जोखिम यह तय करना है कि वे अपने शेयर ऑफर में बेचें या नहीं। कंपनी की निगेटिव नेट वर्थ वित्तीय परेशानी का संकेत देती है। निवेशकों को ₹12 के ऑफर प्राइस की तुलना कंपनी की बुक वैल्यू और भविष्य की संभावनाओं से करनी चाहिए।
आगे क्या देखें?
निवेशकों को ओपन ऑफर के सब्सक्रिप्शन लेवल पर नजर रखनी चाहिए। साथ ही, नए मैनेजमेंट के तहत कंपनी की बिजनेस स्ट्रेटेजी या वित्तीय प्रदर्शन को लेकर भविष्य में होने वाली घोषणाएं महत्वपूर्ण होंगी।
