Tamilnad Mercantile Bank: निवेशकों की बल्ले-बल्ले! पहली तिमाही में मुनाफा **35%** बढ़ा, NPA में भारी गिरावट

BANKINGFINANCE
Whalesbook Corporate News Logo
AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Tamilnad Mercantile Bank: निवेशकों की बल्ले-बल्ले! पहली तिमाही में मुनाफा **35%** बढ़ा, NPA में भारी गिरावट

Tamilnad Mercantile Bank (TMB) ने जून 2026 तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। बैंक का नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले **35%** बढ़कर **₹411.51 करोड़** हो गया है। साथ ही, ग्रॉस एनपीए (Gross NPA) घटकर **0.69%** पर आ गया है।

Detailed Coverage

TMB की पहली तिमाही के नतीजे

Tamilnad Mercantile Bank ने 30 जून 2026 को समाप्त हुई पहली तिमाही में शानदार प्रदर्शन दर्ज किया है। बैंक का नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी अवधि में ₹304.89 करोड़ से 35% बढ़कर ₹411.51 करोड़ (यानी ₹41,151 लाख) पर पहुंच गया है।

ऑपरेटिंग प्रॉफिट में भी 48.2% की जोरदार बढ़ोतरी देखी गई, जो ₹412.26 करोड़ से बढ़कर ₹611.07 करोड़ हो गया। वहीं, कुल इनकम 17.5% की तेजी के साथ ₹1,900.79 करोड़ पर पहुंच गई।

क्यों है यह खबर अहम?

मुनाफे में यह बड़ी उछाल बैंक के मजबूत ऑपरेशनल परफॉरमेंस और इफेक्टिव रिस्क मैनेजमेंट को दर्शाती है। नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NPAs) में आई कमी बैंक के फाइनेंशियल हेल्थ के लिए एक पॉजिटिव संकेत है और इससे प्रोविजनिंग का दबाव भी कम होता है।

क्या है इसके पीछे की कहानी?

बैंक ने फेमा (FEMA) उल्लंघन से जुड़े एक पेनल्टी मामले पर भी अपडेट दिया है। डायरेक्टोरेट ऑफ एनफोर्समेंट (Directorate of Enforcement) द्वारा लगाई गई ₹16.99 करोड़ की पेनल्टी को अपीलेट ट्रिब्यूनल (Appellate Tribunal) ने घटाकर ₹3.40 करोड़ कर दिया है। इस कटौती का फाइनेंशियल इम्पैक्ट अभी कैलकुलेट किया जा रहा है।

इसके अलावा, रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के निर्देशों के मुताबिक, बैंक ने इन्वेस्टमेंट फ्लक्चुएशन रिजर्व (IFR) को बंद कर दिया है और इसके ₹129.60 करोड़ के बैलेंस को जनरल रिजर्व (General Reserve) में ट्रांसफर कर दिया है।

अब क्या बदलेगा?

फेमा पेनल्टी में कटौती से राहत मिली है, लेकिन बैंक इसके फाइनल फाइनेंशियल इम्पैक्ट का असेसमेंट कर रहा है। IFR का बैलेंस जनरल रिजर्व में ट्रांसफर होने से बैंक की रिजर्व मजबूत हुई है। 30 जून 2026 तक बैंक का कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (CRAR) 32.33% पर बना हुआ है, जो कि काफी मजबूत स्थिति है।

आगे क्या देखना होगा?

निवेशक अब फेमा पेनल्टी के फाइनल फाइनेंशियल इम्पैक्ट पर बारीकी से नजर रखेंगे। साथ ही, क्रेडिट कॉस्ट्स पर लगातार नजर रखना और बैंक का अपने रिटेल बैंकिंग सेगमेंट में परफॉरमेंस बनाए रखने की क्षमता महत्वपूर्ण होगी।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.