Silicon Valley Infotech ने अपने संचित घाटे (Accumulated Losses) को खत्म करने के लिए कंपनी अधिनियम की धारा 66 के तहत कैपिटल रिडक्शन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के चुनौतीपूर्ण नतीजों के बाद कंपनी अपनी बैलेंस शीट को सुधारने की कोशिश में है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
कंपनी के हालिया फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के आंकड़े काफी कमजोर रहे हैं। इस दौरान कंपनी को ₹0.00446 करोड़ का नेट लॉस हुआ है, जबकि पिछले साल यानी 2024-25 में कंपनी ने ₹0.00001 करोड़ का मामूली मुनाफा दर्ज किया था। रेवेन्यू की बात करें तो यह पिछले साल के ₹0.0002 करोड़ से बढ़कर इस साल ₹0.0003 करोड़ पर पहुंच गया है।
क्यों लिया गया यह फैसला?
9 मार्च, 2026 को हुई EGM में शेयरधारकों ने कैपिटल रिडक्शन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अब इसे नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) की कोलकाता बेंच से अनुमति मिलनी बाकी है। NBFC के रूप में काम करने वाली इस कंपनी को अपने 'नेट ओन फंड्स' (NOF) के नियमों का पालन करना जरूरी है, जिस पर ऑडिटर्स ने सवाल उठाए थे। इस रिस्ट्रक्चरिंग से कंपनी लंबे समय की अपनी वित्तीय मजबूती को वापस पाने की कोशिश कर रही है।
एक्सचेंज सस्पेंशन का पेंच
फिलहाल, Calcutta Stock Exchange पर कंपनी के शेयरों की ट्रेडिंग सस्पेंडेड है। कंपनी का कहना है कि उन्हें इस सस्पेंशन का कोई ठोस कारण अब तक नहीं बताया गया है, और वे इसे हटवाने के लिए पूरी कोशिश कर रहे हैं। इसके अलावा, MCA डेटाबेस में तकनीकी दिक्कतों और वेबसाइट अपडेट जैसी चुनौतियों का सामना भी कंपनी को करना पड़ रहा है। निवेशकों को अभी NCLT की सुनवाई की तारीखों और एक्सचेंज से जुड़ी खबरों पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।
