SBI Funds Management ने H1 FY27 के लिए अपने नतीजे पेश कर दिए हैं। कंपनी का ऑपरेटिंग रेवेन्यू **12%** बढ़कर **₹2,336 करोड़** पर पहुंच गया है, हालांकि टेक्नोलॉजी और हायरिंग पर हुए खर्चों का असर मार्जिन पर दिखा है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का लेखा-जोखा
SBI Funds Management Limited (SBIMF) ने चालू फाइनेंशियल ईयर की पहली छमाही के लिए शानदार आंकड़े पेश किए हैं। कंपनी का ऑपरेटिंग रेवेन्यू ₹2,336 करोड़ दर्ज किया गया है, जो पिछले साल की इसी अवधि में ₹2,089 करोड़ था। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट 11% की बढ़त के साथ ₹1,797 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट ₹1,566 करोड़ दर्ज किया गया। 30 सितंबर 2026 तक कंपनी की नेट वर्थ ₹7,270 करोड़ थी।
ऑपरेशन्स में कैसी रही मजबूती?
कंपनी का टोटल म्यूचुअल फंड Quarterly Average AUM (QAAUM) 10% की बढ़त के साथ ₹13.14 लाख करोड़ पहुंच गया है। मार्केट में कंपनी की हिस्सेदारी 15% पर स्थिर बनी हुई है।
- AIF सेगमेंट: इसमें 27% की जोरदार ग्रोथ दिखी और AUM ₹7,437 करोड़ रहा।
- SIP: मंथली SIP इनफ्लो लगभग ₹3,900 करोड़ पर स्थिर है, और SIP AUM 15% बढ़कर ₹2.07 लाख करोड़ हो गया है।
खर्चों में बढ़ोतरी के पीछे का सच
दूसरी तिमाही (Q2) में बढ़े खर्चों पर मैनेजमेंट ने साफ किया है कि यह क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर, AI सिस्टम और नई हायरिंग पर किए गए एकमुश्त निवेश का नतीजा है। मैनेजमेंट के मुताबिक, Q3 से इन सेटअप खर्चों में कमी आने की उम्मीद है। कंपनी अब प्राइवेट क्रेडिट और AIF जैसे हाई-मार्जिन बिजनेस को स्केल करने पर फोकस कर रही है।
निवेशकों के लिए अहम संकेत
आने वाले समय में निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी होगी कि क्या कंपनी का खर्च मैनेजमेंट गाइडेंस के मुताबिक सामान्य स्तर पर आता है या नहीं। इसके साथ ही, मार्केट की उतार-चढ़ाव वाली स्थिति के बीच कंपनी की मार्केट लीडरशिप बनाए रखने की क्षमता पर भी बाजार की निगाहें टिकी रहेंगी।
