Riddhi Corporate Services FY26: रेवेन्यू रॉकेट, पर मुनाफे पर लगा ब्रेक!
Riddhi Corporate Services Limited ने वित्तीय वर्ष 2025-2026 के अपने ऑडिटेड नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी के ऑपरेशन्स से रेवेन्यू में पिछले साल के मुकाबले 101.12% का जबरदस्त उछाल देखने को मिला है, जो ₹513.43 करोड़ तक पहुंच गया है। पिछले वित्तीय वर्ष में यह आंकड़ा ₹255.29 करोड़ था।
मुनाफे में क्यों आई गिरावट?
टॉप-लाइन ग्रोथ में शानदार तेजी के बावजूद, बॉटम-लाइन यानी नेट प्रॉफिट में 33.91% की गिरावट दर्ज की गई है। FY26 में नेट प्रॉफिट घटकर ₹8.95 करोड़ रह गया, जबकि FY25 में यह ₹13.54 करोड़ था। इस गिरावट की मुख्य वजह कंपनी के एम्प्लॉई बेनिफिट एक्सपेंसेस (कर्मचारी लाभ व्यय) में आई 538.93% की भारी बढ़ोतरी है, जो बढ़कर ₹332.24 करोड़ हो गया है।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
मुनाफे में गिरावट के बावजूद, कंपनी के डायरेक्टर्स बोर्ड ने शेयरधारकों को पुरस्कृत करने के लिए FY2026 के लिए ₹0.49 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। कंपनी को अपने वैधानिक ऑडिटर से एक 'अनमॉडिफाइड ऑडिट ओपिनियन' (बिना किसी आपत्ति के ऑडिट रिपोर्ट) मिला है।
आगे क्या देखना होगा?
निवेशक अब मैनेजमेंट से इस बात पर स्पष्टीकरण का इंतजार करेंगे कि कर्मचारी खर्चों में इतनी बड़ी वृद्धि क्यों हुई। क्या यह भविष्य की ग्रोथ के लिए की गई नई नियुक्तियों का नतीजा है, या यह कंपनी के संचालन लागत में स्थायी वृद्धि का संकेत है? यह समझना महत्वपूर्ण होगा कि क्या कंपनी बढ़ती लागतों को प्रभावी ढंग से नियंत्रित कर पाती है और मार्जिन में सुधार ला पाती है।
