Regency Fincorp ने अपने विस्तार के लिए ₹65 करोड़ की राशि जुटाने का फैसला किया है। कंपनी नॉन-कनवर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) जारी करेगी, जिस पर निवेशकों को 12% सालाना का ब्याज मिलेगा।
फंड जुटाने की डिटेल (Issue Details)
Regency Fincorp ने बोर्ड से ₹65 करोड़ जुटाने की मंजूरी ले ली है। इस इश्यू में ₹25 करोड़ का बेस साइज है और ₹40 करोड़ का ग्रीन शू ऑप्शन रखा गया है। प्रत्येक डिबेंचर की फेस वैल्यू ₹10,000 तय की गई है, और पूरी प्रक्रिया Electronic Book Provider (EBP) प्लेटफॉर्म के जरिए पूरी की जाएगी।
निवेशकों के लिए खास बात (Why It Matters)
यह इंस्ट्रूमेंट 18 महीने की अवधि के लिए है। कंपनी निवेशकों को 12% सालाना ब्याज देगी, जिसका भुगतान हर महीने किया जाएगा। सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि इस पर 1.25 गुना का सिक्योरिटी कवर मिलेगा, जो MSME और डिजिटल लोन रिसीवेबल्स से बैकड है।
रिस्क और शर्तें (Risks & Terms)
कंपनी ने डिफॉल्ट को लेकर सख्त रुख अपनाया है। अगर ब्याज या प्रिंसिपल के भुगतान में 3 महीने से ज्यादा की देरी होती है, तो कंपनी को बेस कूपन रेट पर 5% प्रति महीने का पेनल इंटरेस्ट देना होगा।
गवर्नेंस (Governance)
इस इश्यू के लिए Catalyst Trusteeship Limited को ट्रस्टी नियुक्त किया गया है, जबकि Credora Partners Private Limited मर्चेंट बैंकर के तौर पर पूरी प्रक्रिया को संभालेगी। हालांकि, निवेशकों को कंपनी के लोन पोर्टफोलियो और एसेट क्वालिटी पर नजर रखने की सलाह दी जाती है, क्योंकि सिक्योरिटी कवर सीधे तौर पर इन्ही लोन रिकवरी से जुड़ा है।
