PTC India Financial Services के लिए Q2 FY27 के नतीजे बेहद शानदार रहे हैं। कंपनी ने **₹44 करोड़** का मुनाफा दर्ज किया है और पूरे **10 तिमाहियों** के बाद पहली बार कंपनी के लोन एसेट में बढ़ोतरी देखने को मिली है, जो अब **₹3,684 करोड़** के स्तर पर है।
मुनाफे में वापसी और ग्रोथ
कंपनी के ऑपरेशंस में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। Q2 FY27 में टोटल इनकम ₹114 करोड़ रही, जबकि ग्रॉस स्टेज 3 एसेट्स घटकर ₹126 करोड़ पर आ गए हैं, जो पिछली तिमाही में ₹190 करोड़ थे। सबसे खास बात यह है कि कंपनी ने इस तिमाही में 25% की तिमाही-दर-तिमाही (sequential) ग्रोथ हासिल की है।
बड़े आंकड़े और माइलस्टोन्स
कंपनी अब अपने मुख्य बिजनेस यानी इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंसिंग पर ध्यान दे रही है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि:
- लोन सैंक्शंस: ₹3,098 करोड़ (36 तिमाहियों में सबसे ज्यादा)
- डिस्बर्समेंट: ₹1,595 करोड़ (19 तिमाहियों में सबसे ज्यादा)
कंपनी के कुल लोन बुक में रिन्यूएबल एनर्जी एसेट्स का हिस्सा अब लगभग 45% हो गया है। इसके अलावा, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया से मिली ₹200 करोड़ की फंडिंग ने लिक्विडिटी को और मजबूती दी है, जिससे मैनेजमेंट का ₹5,000 करोड़ के लोन बुक टारगेट को हासिल करना आसान नजर आता है।
एसेट क्वालिटी और रिस्क
एसेट क्वालिटी को सुधारने के लिए कंपनी लगातार काम कर रही है। हालांकि, निवेशकों को पुरानी NPAs के समाधान पर नजर रखनी चाहिए, क्योंकि नेट स्टेज 3 एसेट्स पर प्रोविजनिंग की वजह से दबाव बना हुआ है। मैनेजमेंट ने ₹100 करोड़ से ₹150 करोड़ के टिकट साइज के साथ अपनी लेंडिंग स्ट्रैटेजी को काफी फोकस्ड रखा है, जो आने वाले समय में नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है।
