Marg Techno Projects ने FY26 में दमदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का नेट प्रॉफिट **140%** बढ़कर **₹0.99 करोड़** पहुंच गया है, वहीं रेवेन्यू में **31.4%** की ग्रोथ देखी गई है।
मुनाफे की रफ्तार और बिजनेस मॉडल में बदलाव
कंपनी के फाइनेंशियल ईयर FY26 के नतीजे काफी उत्साहित करने वाले रहे हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट 140% के उछाल के साथ ₹0.99 करोड़ रहा है। वहीं, ऑपरेशन से होने वाली कमाई 31.4% बढ़कर ₹6.84 करोड़ दर्ज की गई है। कंपनी ने अपनी पेड-अप इक्विटी कैपिटल को भी राइट्स इश्यू के जरिए ₹14.20 करोड़ तक बढ़ा लिया है।
MSEI से बाहर निकलने की तैयारी
बोर्ड ने कंपनी को Metropolitan Stock Exchange (MSEI) से वॉलंटरी डेलिस्ट (Voluntarily Delisting) करने का प्रस्ताव रखा है। कंपनी का मकसद अब केवल BSE पर अपनी लिस्टिंग को केंद्रित करना है ताकि लिक्विडिटी में सुधार हो सके। इस कदम से कंपनी अपने प्रशासनिक खर्चों को भी कम करना चाहती है।
रिस्क और स्ट्रैटेजी
कंपनी का फोकस अब अनसिक्योर्ड लेंडिंग (Unsecured Lending) की तरफ तेजी से बढ़ रहा है। लोन बुक का आकार ₹20.37 करोड़ से बढ़कर ₹52.55 करोड़ हो गया है। हालांकि यह ग्रोथ अच्छी है, लेकिन अनसिक्योर्ड लोन में जोखिम अधिक होता है, इसलिए निवेशकों को एसेट क्वालिटी पर पैनी नजर रखने की जरूरत है।
गवर्नेंस पर अपडेट
ऑडिटर्स ने कंपनी के इंटरनल फाइनेंशियल कंट्रोल्स को प्रभावी बताया है, हालांकि अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर में ऑडिट ट्रेल फीचर के सक्रिय न होने पर टिप्पणी की गई है। मैनेजमेंट ने स्पष्ट किया है कि डेटा के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं हुई है। अब 30 सितंबर, 2026 को होने वाली AGM में इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स की नियुक्ति पर शेयरहोल्डर्स मतदान करेंगे।
