Mangalam Drugs & Organics Ltd पर वित्तीय संकट गहरा गया है। कंपनी ने Bank of Maharashtra और Bank of Baroda के कुल **₹15.57 करोड़** के लोन डिफॉल्ट होने की जानकारी दी है, जो अक्टूबर **2025** से लंबित हैं।
भारी लिक्विडिटी संकट का साया
सेबी (SEBI) नियमों के तहत किए गए अनिवार्य खुलासे में, Mangalam Drugs & Organics ने स्वीकार किया है कि उसकी कैश क्रेडिट फैसिलिटी में अभी भी डिफॉल्ट बना हुआ है। 15 अक्टूबर 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, कंपनी पर Bank of Maharashtra का ₹9.51 करोड़ और Bank of Baroda का ₹6.06 करोड़ बकाया है। हैरानी की बात यह है कि ये भुगतान करीब 12 महीने से अटके हुए हैं।
निवेशकों के लिए क्या हैं जोखिम?
एक पूरे कैलेंडर ईयर से भुगतान न कर पाना कंपनी की गंभीर वर्किंग कैपिटल की समस्याओं को दर्शाता है। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर गोवर्धन एम. धूत का कहना है कि वे इन देनदारियों को चुकाने के लिए फंड जुटाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन कोई ठोस रिपेमेंट शेड्यूल न होने के कारण निवेशकों में अनिश्चितता बनी हुई है।
इस डिफॉल्ट के चलते कंपनी को क्रेडिट रेटिंग में कटौती (Rating Downgrade) और बैंकों की कड़ी कार्रवाई जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। भविष्य में निवेशकों को बीएसई (BSE) की फाइलिंग पर नजर रखनी चाहिए, ताकि यह पता चल सके कि कर्ज चुकाने को लेकर बैंकों के साथ कोई आधिकारिक समझौता हुआ है या नहीं।
