Mangal Credit and Fincorp Ltd ने अपनी 64वीं AGM में FY26 के लिए प्रति शेयर **₹0.75** के डिविडेंड की घोषणा की है। साथ ही, कंपनी ने उधार लेने की सीमा को दोगुना कर **₹1,500 करोड़** करने और इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर में उतरने की तैयारी शुरू कर दी है।
डिविडेंड और विस्तार की रणनीति
Mangal Credit and Fincorp Ltd की 64वीं सालाना आम बैठक (AGM) में निवेशकों के लिए कई बड़े फैसले लिए गए। कंपनी ने FY 2025-26 के लिए ₹0.75 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड का प्रस्ताव रखा है। विस्तार की रणनीति के तहत, कंपनी ने अब इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन के क्षेत्र में भी कदम रखने का फैसला किया है, जिसके लिए IRDAI से रजिस्ट्रेशन भी मिल गया है।
बड़े वित्तीय बदलाव
कंपनी ने अपनी भविष्य की ग्रोथ को रफ्तार देने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं:
- उधार क्षमता (Borrowing Limit): कंपनी ने अपनी मौजूदा उधार लेने की सीमा को ₹750 करोड़ से बढ़ाकर ₹1,500 करोड़ करने का प्रस्ताव रखा है।
- शेयर कैपिटल: अधिकृत शेयर कैपिटल को बढ़ाकर ₹30 करोड़ करने की तैयारी है।
- फंड जुटाना: कंपनी 25 लाख कन्वर्टिबल वारंट जारी करने की योजना बना रही है, जो भविष्य में पूंजी जुटाने में मददगार साबित होंगे।
प्रमोटर्स का समर्थन और जोखिम
बैठक में रिलेटेड पार्टी ट्रांजेक्शन (RPTs) पर भी चर्चा हुई। प्रमोटर्स मेघराज सोहनलाल जैन (₹250 करोड़ तक) और हार्दिक मेघराज जैन (₹50 करोड़ तक) की ओर से लोन का प्रस्ताव सामने आया है। हालांकि कंपनी ग्रोथ मोड में है, लेकिन इतने बड़े स्तर के RPTs को लेकर निवेशकों को सतर्क नजर बनाए रखनी चाहिए।
अब आगे क्या?
निवेशकों को अब BSE पर फाइल होने वाले ई-वोटिंग नतीजों का इंतजार है। यह रिजल्ट इस बात पर मुहर लगाएंगे कि वारंट इश्यू और हाई-वैल्यू लोन ट्रांजेक्शन को शेयरधारकों की आधिकारिक मंजूरी मिली है या नहीं, जो कंपनी की लिक्विडिटी के लिए अहम है।
