Lords Mark Industries Limited ने **23 अक्टूबर 2026** को बोर्ड बैठक बुलाई है। इस बैठक में कंपनी के प्रमोटर और एमडी Sachidanand H Upadhyay से **₹100 करोड़** का असुरक्षित लोन (Unsecured Loan) लेने पर विचार किया जाएगा। इस डील में इक्विटी कन्वर्जन का विकल्प भी शामिल है, जो आगे चलकर निवेशकों के लिए शेयर डाइल्यूशन का कारण बन सकता है।
क्या है पूरा मामला?
Lords Mark Industries ने BSE को दी जानकारी में बताया है कि आगामी 23 अक्टूबर 2026 को होने वाली बोर्ड मीटिंग में कंपनी की फंड जुटाने की योजनाओं पर चर्चा होगी। मुख्य एजेंडा प्रमोटर और मैनेजिंग डायरेक्टर Sachidanand H Upadhyay से ₹100 करोड़ का कर्ज लेना है।
निवेशकों पर क्या होगा असर?
यह लोन कंपनी की तत्काल लिक्विडिटी (Liquidity) की जरूरतों को तो पूरा करेगा, लेकिन इसमें मौजूद 'इक्विटी कन्वर्जन' की शर्त सबसे अहम है। यदि भविष्य में इस लोन को इक्विटी में बदला जाता है, तो मौजूदा शेयरधारकों की हिस्सेदारी कम हो सकती है, जिसका असर कंपनी के अर्निंग्स पर शेयर (EPS) पर भी पड़ सकता है।
अब आगे क्या होगा?
बोर्ड इस लोन के ब्याज दर (Interest Rate) और कन्वर्जन प्राइस जैसे अहम नियमों को अंतिम रूप देगा। बोर्ड की मंजूरी के बाद इसे शेयरधारकों की सहमति के लिए भेजा जाएगा। निवेशकों को सलाह है कि वे मीटिंग के बाद आने वाली फाइलिंग्स पर नजर रखें, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि कन्वर्जन का आधार क्या होगा और इसका असर शेयर के वैल्युएशन पर कैसे पड़ेगा।
