L&T Finance ने Q2 FY27 के दमदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट **33%** बढ़कर **₹975 करोड़** पर पहुंच गया है, जिसके पीछे रिटेल बुक में **29%** की शानदार ग्रोथ और गोल्ड लोन पोर्टफोलियो में **242%** का विस्फोटक विस्तार मुख्य वजह है।
मुनाफे की रफ्तार और रिटेल का दम
कंपनी ने दूसरी तिमाही में शानदार मजबूती दिखाई है। कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट ₹975 करोड़ रहा, जबकि कंपनी की कुल बुक साइज 28% बढ़कर ₹1,36,635 करोड़ हो गई है। सबसे खास बात गोल्ड लोन पोर्टफोलियो का 242% की रफ्तार से बढ़कर ₹5,043 करोड़ पर पहुंचना रहा। वहीं, पर्सनल लोन का वितरण भी 45% बढ़कर ₹4,233 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर दर्ज किया गया।
मार्जिन मैनेजमेंट और टेक्नोलॉजी का जोर
ब्याज दरों में उतार-चढ़ाव के बावजूद कंपनी ने अपने मार्जिन (NIMs) को 10.48% पर स्थिर रखा है। कंपनी अब 'Lakshya 2031' रणनीति के तहत पूरी तरह टेक्नोलॉजी-आधारित मॉडल की ओर बढ़ रही है। 'Project Cyclops' (AI-आधारित क्रेडिट एडमिनिस्ट्रेशन) और जल्द आने वाला 'Project Hercules' (क्रॉस-सेल इंजन) कंपनी की उत्पादकता बढ़ाने और क्रेडिट कॉस्ट को कम करने में मदद कर रहे हैं। क्रेडिट कॉस्ट को घटाकर 2.46% कर दिया गया है, जिसका लक्ष्य Q4 FY27 तक 2%–2.2% तक पहुंचना है।
आगे की चुनौतियां और स्ट्रैटेजी
ग्रामीण फाइनेंस पोर्टफोलियो में मानसून की अनिश्चितता के बावजूद 99.7% से 99.8% की उच्च कलेक्शन एफिशिएंसी बनी हुई है। हालांकि, निवेशकों को IRDAI द्वारा इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन और कमीशन स्ट्रक्चर में संभावित बदलावों पर नजर रखनी चाहिए। मैनेजमेंट का कहना है कि वे इन बदलावों को ध्यान में रखते हुए अपने वैकल्पिक रेवेन्यू सोर्स तैयार कर रहे हैं।
