LIC ने Steel Authority of India (SAIL) में अपनी हिस्सेदारी **2%** घटा दी है। कंपनी ने अप्रैल से सितंबर **2026** के बीच खुले बाजार (Open Market) में **8.26 करोड़** से ज्यादा शेयर बेचे हैं।
बड़े बदलाव का कारण
LIC ने कुल 8,26,32,513 शेयर बाजार में बेचे हैं, जिससे उनकी कुल होल्डिंग पहले के 6.625% से गिरकर अब 4.625% रह गई है। इस इंस्टीट्यूशनल रीबैलेंसिंग को कंपनी के किसी फंडामेंटल बदलाव के बजाय LIC की इंटरनल इन्वेस्टमेंट और लिक्विडिटी जरूरतों से जोड़कर देखा जा रहा है।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
शेयर बाजार में बड़े खिलाड़ियों की ऐसी बिकवाली अक्सर शॉर्ट-टर्म में स्टॉक पर दबाव बना सकती है। हालांकि, यह साफ है कि यह फैसला कंपनी के परफॉर्मेंस से नहीं, बल्कि LIC के पोर्टफोलियो एडजस्टमेंट का हिस्सा है।
नियमों के दायरे में बिक्री
यह लेनदेन 28 अप्रैल 2026 से 1 सितंबर 2026 के बीच हुआ। SEBI के 'सबस्टेंशियल एक्विजिशन ऑफ शेयर्स एंड टेकओवर्स' नियमों के तहत, हिस्सेदारी में बड़ी गिरावट होने पर इसका खुलासा करना अनिवार्य होता है।
आगे क्या नजर रखें?
आने वाले दिनों में स्टॉक में थोड़ी उतार-चढ़ाव (Volatility) देखने को मिल सकती है। निवेशकों को अगली तिमाही की शेयरहोल्डिंग फाइलिंग पर नजर रखनी चाहिए, जिससे पता चलेगा कि क्या अन्य इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स ने अपनी पोजिशन बढ़ाई है या रिटेल निवेशकों ने इस माल को सोख लिया है।
