KNR Constructions को इनकम टैक्स विभाग से बड़ा झटका लगा है। कंपनी को असेसमेंट ईयर 2017-18 से 2020-21 के लिए कुल **₹91.85 करोड़** की पेनल्टी के आदेश मिले हैं।
टैक्स विभाग का नोटिस और कंपनी का रुख
इन्फ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की दिग्गज कंपनी KNR Constructions ने एक्सचेंज को दी जानकारी में बताया है कि उन्हें असिस्टेंट कमिश्नर ऑफ इनकम टैक्स, हैदराबाद से यह नोटिस मिला है। इनकम टैक्स एक्ट, 1961 की धारा 270A के तहत यह डिमांड जारी की गई है। कुल पेनल्टी की राशि ₹91,84,52,721 है, जो कंपनी के पिछले चार फाइनेंशियल ईयर के असेसमेंट से जुड़ी है।
कानूनी लड़ाई की तैयारी
कंपनी के मैनेजमेंट ने साफ कर दिया है कि वे इस आदेश को कानूनी रूप से सही नहीं मानते हैं। कंपनी ने इसे चुनौती देने के लिए संबंधित अपीलेट अथॉरिटीज (Appellate Authorities) का दरवाजा खटखटाने का फैसला किया है। मैनेजमेंट का मानना है कि उनके पास इस मांग को खारिज करने के लिए पर्याप्त आधार मौजूद हैं।
निवेशकों के लिए क्या है रिस्क?
शेयर बाजार के जानकारों का मानना है कि निवेशकों को अब इस कानूनी प्रक्रिया के अपडेट्स पर पैनी नजर रखनी होगी। यदि अपीलेट अथॉरिटी का फैसला कंपनी के पक्ष में नहीं आता है, तो कंपनी के पास कैश फ्लो पर दबाव बढ़ सकता है या भविष्य में बड़े प्रोविजनिंग (Provisioning) की जरूरत पड़ सकती है। फिलहाल, निवेशकों को कोर्ट या ट्रिब्यूनल से आने वाले किसी भी अंतरिम आदेश (Interim Order) का इंतजार करना चाहिए, क्योंकि वही कंपनी के वित्तीय भविष्य की दिशा तय करेगा।
