Jay Kailash Namkeen Ltd ने घोषणा की है कि एक्वायरर (Acquirer) श्री अमर प्रमोद तलवार ₹56 प्रति शेयर के भाव पर 26% हिस्सेदारी खरीदने के लिए ओपन ऑफर (Open Offer) ला रहे हैं। इस ऑफर का कुल मूल्य ₹12.19 करोड़ होगा। यह पेशकश एक प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट (Preferential Allotment) के बाद आई है।
सामने आया बड़ा ओपन ऑफर
Jay Kailash Namkeen Ltd के एक्वायरर (Acquirer) श्री अमर प्रमोद तलवार कंपनी में 21,76,540 इक्विटी शेयर खरीदने के लिए एक ओपन ऑफर (Open Offer) शुरू करने जा रहे हैं। ये शेयर कंपनी की बढ़ी हुई कुल वोटिंग कैपिटल (Voting Capital) का 26% हिस्सा होंगे। ऑफर का भाव ₹56 प्रति शेयर तय किया गया है और इसके लिए कुल ₹12.19 करोड़ का भुगतान किया जाएगा।
क्या है पूरा मामला?
श्री अमर प्रमोद तलवार, ₹56 प्रति शेयर के भाव पर Jay Kailash Namkeen के 26% शेयर खरीदेंगे, जिसकी कुल कीमत ₹12.19 करोड़ होगी। यह सब एक ओपन ऑफर के ज़रिए होगा।
यह क्यों महत्वपूर्ण है?
इस कदम से मौजूदा पब्लिक शेयरहोल्डर्स (Public Shareholders) को अपने शेयर एक तय कीमत पर बेचने का मौका मिलेगा। यह ओपन ऑफर इसलिए लाया जा रहा है क्योंकि एक प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट (Preferential Allotment) के बाद श्री तलवार की हिस्सेदारी बढ़कर 40.31% हो गई है।
पूरी कहानी
यह पूरा सौदा 13 अगस्त 2026 को बोर्ड द्वारा अप्रूव की गई एक प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट से शुरू हुआ, जिसमें श्री अमर प्रमोद तलवार को 33,74,375 इक्विटी शेयर दिए गए थे। यह अलॉटमेंट Vayuveer Solutions Private Limited के शेयरों के बदले में किया गया था, जिसके बाद उनकी हिस्सेदारी बढ़कर लगभग 40.31% हो गई।
अब क्या बदलेगा?
SEBI (SAST) रेगुलेशंस के अनुसार, जब किसी एक्वायरर की हिस्सेदारी एक निश्चित सीमा से ऊपर हो जाती है, तो उसे ओपन ऑफर लाना अनिवार्य होता है। यह ऑफर मौजूदा पब्लिक शेयरहोल्डर्स को ₹56 प्रति शेयर के भाव पर अपनी हिस्सेदारी बेचने का एक एग्जिट रूट (Exit Route) प्रदान करता है।
ध्यान रखने वाली बातें
निवेशकों को अभी विस्तृत पब्लिक स्टेटमेंट (Detailed Public Statement - DPS) और लेटर ऑफ ऑफर (Letter of Offer - LoF) का इंतजार करना होगा, जिसमें ऑफर की सटीक टाइमलाइन और भागीदारी के नियम बताए जाएंगे। यह ऑफर पूरी तरह से कैश (Cash) में होगा और इसके लिए न्यूनतम स्वीकृति की शर्त नहीं है।
आगे क्या करें?
शेयरहोल्डर्स को विस्तृत पब्लिक स्टेटमेंट (DPS) और लेटर ऑफ ऑफर (LoF) पर नज़र रखनी चाहिए, ताकि वे शेयर बेचने के लिए आवेदन करने की समय-सीमा और प्रक्रिया जान सकें।
