Jaiprakash Power Ventures Ltd ने अपनी 31वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का ऐलान कर दिया है, जो 30 जुलाई 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए होगी। मीटिंग में ऑडिटर की फीस और डायरेक्टर्स के कमीशन जैसे अहम मसलों पर शेयरहोल्डर्स की मंजूरी ली जाएगी।
Jaiprakash Power Ventures Ltd: 31वीं AGM का ऐलान
Jaiprakash Power Ventures Ltd अपनी 31वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 30 जुलाई 2026 को आयोजित करेगी। यह मीटिंग वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से आयोजित की जाएगी।
शेयरहोल्डर्स के लिए क्या है खास?
इस AGM में शेयरहोल्डर्स के सामने कई अहम प्रस्ताव रखे जाएंगे। इनमें सबसे प्रमुख है फाइनेंशियल ईयर 2026-27 के लिए कॉस्ट ऑडिटर के रेमुनरेशन (वेतन) को मंजूरी देना, जिसकी राशि ₹2,00,000 तय की गई है। इसके अलावा, फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए पूर्व एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स को देय कुल कमीशन ₹6.50 लाख और नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स को देय कुल कमीशन ₹5.00 लाख पर भी मंजूरी मांगी जाएगी।
पूर्व चेयरमैन को मिलेगा भारी कमीशन?
एजेंडे में एक और अहम बात पूर्व चेयरमैन श्री मनोज गौर को फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए ₹4.00 करोड़ का कमीशन देना भी शामिल है। साथ ही, इसी अवधि के लिए पूर्व एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स को कुल ₹15.92 लाख का रेमुनरेशन भी प्रस्तावित है।
क्यों अहम है यह मीटिंग?
ये प्रस्ताव AGM के लिए सामान्य माने जाते हैं और कंपनी के वित्तीय प्रबंधन और गवर्नेंस से जुड़े हैं। ऑडिटर की फीस और डायरेक्टर्स के कंपनसेशन पैकेज के लिए शेयरहोल्डर की मंजूरी पारदर्शिता और नियमों के अनुपालन को सुनिश्चित करती है। इस AGM में बोर्ड में कुछ नए सदस्यों की नियुक्ति का भी संकेत दिया गया है, जो कंपनी के गवर्नेंस स्ट्रक्चर को प्रभावित कर सकते हैं।
आगे क्या?
AGM में इन प्रस्तावों को मंजूरी मिलने के बाद, प्रस्तावित ऑडिटर रेमुनरेशन और डायरेक्टर्स के कमीशन को अंतिम रूप दिया जाएगा। नए बोर्ड सदस्य आधिकारिक तौर पर अपनी जिम्मेदारियां संभालेंगे। निवेशकों को AGM में होने वाली वोटिंग के नतीजों पर नज़र रखनी चाहिए, साथ ही नए बोर्ड सदस्यों के प्रदर्शन और उनके फैसलों पर भी ध्यान देना चाहिए।
