अगर आपने Indian Overseas Bank से लोन लिया है, तो आपकी EMI बढ़ सकती है। बैंक ने अपने रेपो लिंक्ड लेंडिंग रेट (RLLR) को **8.10%** से बढ़ाकर **8.35%** कर दिया है, जो **8 अक्टूबर 2026** से प्रभावी होगा।
क्या बदला है?
बैंक ने आधिकारिक तौर पर एक्सचेंज को सूचित किया है कि अब RLLR 8.35% हो गया है। जो ग्राहक फ्लोटिंग रेट लोन की कैटेगरी में आते हैं, उन पर इसका सीधा असर पड़ेगा। 8 अक्टूबर 2026 से यह नई दरें लागू हो गई हैं।
ग्राहकों की जेब पर असर
इस बढ़ोतरी का मतलब सीधा सा है—आपकी EMI का बोझ बढ़ना तय है। अगर लोन की अवधि कम है, तो EMI बढ़ेगी, वरना बैंक लोन के टेन्योर को थोड़ा खींच सकता है। यह फैसला बैंक के लिए नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) को बेहतर बनाए रखने की एक रणनीति है, जिससे वह बढ़ते हुए रेट एनवायरनमेंट में अपने मुनाफे को सुरक्षित रख सके।
आगे क्या होगा?
निवेशकों के लिए यह देखना दिलचस्प होगा कि बैंक के अगले क्वार्टरली नतीजों में इसका क्या असर दिखता है। बाजार अब इस पर नजर रखेगा कि क्या इस फैसले के बाद लोन की डिमांड घटती है या फिर बैंक बिना किसी बड़े NPA (Non-Performing Assets) के दबाव के अपना मार्जिन बढ़ाने में कामयाब रहता है।
जरूरी आंकड़े:
- पुराना रेट: 8.10%
- नया रेट: 8.35%
- प्रभावी तिथि: 8 अक्टूबर 2026
