ICRA Ltd के शेयरधारकों की बल्ले-बल्ले! ₹599.51 करोड़ का दमदार रेवेन्यू, ₹105 डिविडेंड का ऐलान

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
ICRA Ltd के शेयरधारकों की बल्ले-बल्ले! ₹599.51 करोड़ का दमदार रेवेन्यू, ₹105 डिविडेंड का ऐलान

ICRA लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2026 के लिए दमदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू **20.4%** बढ़कर **₹599.51 करोड़** रहा, जबकि नेट प्रॉफिट **6.6%** बढ़कर **₹182.53 करोड़** दर्ज किया गया। साथ ही, कंपनी ने **₹105** प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है।

ICRA Ltd का FY2026 का शानदार फाइनेंशियल अपडेट

ICRA लिमिटेड ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष के लिए अपने कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजे घोषित कर दिए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल के ₹498.02 करोड़ की तुलना में 20.4% बढ़कर ₹599.51 करोड़ पर पहुंच गया। वहीं, प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में 6.6% की बढ़ोतरी हुई है और यह ₹171.20 करोड़ से बढ़कर ₹182.53 करोड़ हो गया है। अर्निंग्स पर शेयर (EPS) में भी 6.7% का इजाफा देखा गया, जो ₹188.6 रहा।

रेवेन्यू ग्रोथ और डिविडेंड का कनेक्शन

कंपनी के रिसर्च और एनालिटिक्स सेगमेंट में 29.8% की ग्रोथ, जिसमें Fintellix का भी बड़ा योगदान है, यह दिखाता है कि ICRA ने अपने डाइवर्सिफिकेशन और विस्तार की रणनीतियों में सफलता हासिल की है। ₹105 प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश कंपनी की मजबूत कैश फ्लो जनरेशन और शेयरधारकों को रिटर्न देने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। यह प्रस्तावित डिविडेंड एजीएम (AGM) की मंजूरी के बाद शेयरधारकों को मिलेगा।

Fintellix अधिग्रहण का असर

ICRA लिमिटेड, जो भारत की एक प्रमुख इन्वेस्टमेंट इन्फॉर्मेशन और क्रेडिट रेटिंग एजेंसी है, ने 17 अक्टूबर, 2025 को Fintellix India Private Limited में 98.75% हिस्सेदारी का अधिग्रहण पूरा किया था। इस कदम का मकसद कंपनी की टेक्नोलॉजी-संचालित रिस्क सॉल्यूशंस को और मजबूत बनाना है। Fintellix के इंटीग्रेशन के बाद, ICRA अब अपनी स्थापित रेटिंग सेवाओं के साथ-साथ टेक्नोलॉजी-आधारित रिस्क सॉल्यूशंस में और भी मजबूत स्थिति में है।

आगे के लिए जोखिम और संभावनाएं

कंपनी ने भविष्य के लिए कुछ संभावित जोखिमों की ओर भी इशारा किया है। वित्त वर्ष 2027 में जीडीपी ग्रोथ के 7.0% से नीचे रहने की आशंका और ईसीएल (ECL) फ्रेमवर्क पर रेगुलेटरी जांच में बढ़ोतरी से कंप्लायंस कॉस्ट में इजाफा हो सकता है।

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