GSB Finance: अब नए नाम Coffers Finvest से होगी पहचान, FY26 में हुआ घाटा

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AuthorNeha Patil|Published at:
GSB Finance: अब नए नाम Coffers Finvest से होगी पहचान, FY26 में हुआ घाटा

GSB Finance ने अपना नाम बदलकर अब Coffers Finvest Limited कर लिया है। कंपनी ने FY26 में **₹30.85 लाख** का नेट लॉस दर्ज किया है और प्रमोटर्स की हिस्सेदारी में बड़े बदलाव के साथ फंड जुटाने की तैयारी में है।

बड़े बदलाव के दौर में कंपनी

GSB Finance ने एक नया अध्याय शुरू करते हुए आधिकारिक तौर पर खुद को Coffers Finvest Limited के रूप में रीब्रांड कर लिया है। यह बदलाव 1 सितंबर 2026 से प्रभावी हो गया है। इससे पहले नवंबर 2025 में कंपनी में बड़ा बदलाव हुआ था, जब नए प्रमोटर्स ने 55.25% हिस्सेदारी का अधिग्रहण किया था। बोर्ड में भी पूरी तरह से बदलाव किया गया है और विवेक कुमार सिंघल को मैनेजिंग डायरेक्टर और CFO की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

वित्तीय प्रदर्शन में गिरावट

बीते फाइनेंशियल ईयर (FY26) में कंपनी का प्रदर्शन काफी चुनौतीपूर्ण रहा है। पिछले साल ₹71.65 लाख के मुनाफे की तुलना में, इस बार कंपनी ने ₹30.85 लाख का नेट लॉस रिपोर्ट किया है। रेवेन्यू गिरकर ₹121.75 लाख पर आ गया है, जबकि फाइनेंशियल इंस्ट्रूमेंट्स पर ₹33.30 लाख का इंपेयरमेंट चार्ज मुनाफे पर भारी पड़ा।

फंड जुटाने की रणनीति

ऑपरेशन्स को फिर से पटरी पर लाने के लिए कंपनी ने फंड जुटाने का फैसला किया है। इसके तहत ₹36 प्रति शेयर की दर से 12 लाख इक्विटी शेयरों के प्रिफरेंशियल अलॉटमेंट के जरिए ₹4.32 करोड़ जुटाए जाएंगे। साथ ही, कंपनी की अधिकृत शेयर पूंजी को ₹6 करोड़ से बढ़ाकर ₹10 करोड़ करने की मंजूरी भी मिल गई है।

निवेशकों के लिए जोखिम

कंपनी के सामने अभी भी बड़ी चुनौतियां हैं। 31 मार्च 2026 तक कंपनी के पास सिर्फ एक ही परमानेंट कर्मचारी था, जो ऑपरेशनल स्केल को लेकर चिंता पैदा करता है। निवेशकों को कंपनी की प्रिफरेंशियल अलॉटमेंट प्रक्रिया और नई मैनेजमेंट की कार्यक्षमता पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.