Fusion Finance के निवेशकों के लिए अच्छी खबर है। कंपनी ने Q2 FY27 में **₹86.48 करोड़** का शानदार प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल के नुकसान से एक बड़ी रिकवरी है। साथ ही, कंपनी ने अपने बिजनेस विस्तार की रणनीति के तहत MSME लोन की लिमिट को बढ़ाकर **₹50 लाख** कर दिया है।
मुनाफे की वापसी का दम
सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही में Fusion Finance ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। जहां पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹22.14 करोड़ का नुकसान उठाना पड़ा था, वहीं इस बार कंपनी ने ₹86.48 करोड़ का शुद्ध मुनाफा (Net Profit) कमाया है। कंपनी की कुल इनकम इस दौरान ₹485.67 करोड़ रही है।
क्यों लिया लोन लिमिट बढ़ाने का फैसला?
कंपनी के बोर्ड ने MSME सेक्टर में अपना दबदबा बढ़ाने के लिए लोन टिकिट साइज को ₹25 लाख से दोगुना कर ₹50 लाख करने की मंजूरी दी है। मैनेजमेंट का मानना है कि इससे उनके ग्राहकों का दायरा बढ़ेगा और आने वाले समय में ब्याज से होने वाली कमाई (Interest Income) में इजाफा होगा।
मजबूत बैलेंस शीट और एसेट क्वालिटी
कंपनी के एसेट क्वालिटी के आंकड़े काफी भरोसेमंद नजर आ रहे हैं। सितंबर 2026 तक ग्रॉस स्टेज III एसेट्स 1.60% और नेट स्टेज III एसेट्स 0.11% रहे। वहीं, प्रोविजन कवरेज रेशियो 93.40% और कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (CRAR) 36.75% पर बना हुआ है, जो कंपनी की मजबूत वित्तीय सेहत को दर्शाता है। लिक्विडिटी कवरेज रेशियो भी 148.97% के मजबूत स्तर पर है।
आगे क्या होगा?
भले ही लोन की सीमा बढ़ने से बिजनेस ग्रोथ की संभावनाएं बढ़ गई हैं, लेकिन निवेशकों के लिए यह देखना जरूरी होगा कि भविष्य में लोन बुक की क्वालिटी कैसी रहती है। बड़ा लोन साइज रिस्क प्रोफाइल को बदल सकता है, जिस पर आगे आने वाली तिमाहियों में नजर रखना जरूरी है।
