Everlon Financials Limited ने सितंबर तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी को इस बार **₹1.05 करोड़** का नेट लॉस (Net Loss) हुआ है, जबकि पिछली तिमाही में कंपनी ने **₹2.81 करोड़** का प्रॉफिट कमाया था।
मुनाफे से नुकसान का सफर
कंपनी का रेवेन्यू जो पिछली तिमाही में ₹1.12 करोड़ था, वह अब घटकर ₹0.88 करोड़ पर आ गया है। कंपनी के मुनाफे में यह गिरावट शेयर ट्रेडिंग, डिविडेंड और ब्याज से होने वाली कमाई में आई कमी की वजह से है। हालांकि, छमाही प्रदर्शन पर नजर डालें तो स्थिति थोड़ी राहत भरी है। पहली छमाही (H1) में कंपनी ने ₹1.76 करोड़ का मुनाफा दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि में हुए ₹2.58 करोड़ के नुकसान के मुकाबले काफी बेहतर है।
बैलेंस शीट और गवर्नेंस
निवेशकों के लिए अच्छी खबर यह है कि कंपनी की एसेट्स (Assets) बढ़कर ₹20.64 करोड़ हो गई हैं, जो मार्च के अंत में ₹17.65 करोड़ थी। कंपनी की कुल इक्विटी भी बढ़कर ₹20.29 करोड़ पर पहुंच गई है। इन नतीजों को 3 नवंबर 2026 को बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने मंजूरी दी और इसका ऑडिट 'Panchal S K & Associates' द्वारा किया गया है।
निवेशकों के लिए जोखिम (Risks)
कंपनी अभी भी एक छोटी NBFC है जिसकी नेट वर्थ ₹250 करोड़ से कम है। मुख्य चिंता यह है कि कंपनी का रेवेन्यू पूरी तरह से मार्केट आधारित एक्टिविटीज (शेयर ट्रेडिंग) पर निर्भर है, जिससे नतीजों में भारी उतार-चढ़ाव (Volatility) देखने को मिल रहा है। लंबी अवधि के लिए मुनाफे की स्थिरता अभी भी एक बड़ा सवाल है।
