ESAF Small Finance Bank ने अपने कैपिटल बेस को मजबूत करने के लिए **₹500 करोड़** जुटाने का बड़ा फैसला लिया है। बैंक यह राशि Tier II Basel II कंप्लायंट नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) के जरिए जुटाएगा।
फंड जुटाने की पूरी योजना
बैंक ने 23 सितंबर 2026 को हुई बोर्ड मीटिंग में इन अनसिक्योर्ड, रिडीमेबल नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) को जारी करने की मंजूरी दी है। यह पैसा प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए एक या उससे ज्यादा किस्तों में जुटाया जाएगा।
क्यों है यह कदम जरूरी?
यह कैपिटल इन्फ्यूजन बैंक की FY27 की बिजनेस स्ट्रैटेजी का हिस्सा है। इससे न केवल बैंक का कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो सुधरेगा, बल्कि कर्ज देने की क्षमता (Loan book growth) में भी इजाफा होगा। यह कदम बैंक के शेयरधारकों द्वारा अगस्त 2026 में हुई 10वीं AGM में मंजूर की गई उधार लेने की सीमा के भीतर ही है।
आगे क्या होगा?
बैंक की मैनेजमेंट कमेटी अब इस डेट ऑफरिंग की बारीकियों पर काम करेगी। इसमें डिबेंचर्स का टेन्योर, ब्याज दरें (Coupon rates) और भुगतान का शेड्यूल तय किया जाएगा। अंत में, इन बॉन्ड्स को NSE और BSE के होलसेल डेट मार्केट सेगमेंट में लिस्ट कराया जाएगा। निवेशकों को अब बैंक की तरफ से फाइनल कूपन रेट और टेन्योर की घोषणा का इंतजार है, जिससे बैंक की क्रेडिट रिस्क का अंदाजा लगेगा।
