Central Bank of India ने जून 2026 तिमाही के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। बैंक का नेट प्रॉफिट **₹1,324 करोड़** रहा है, जबकि एसेट क्वालिटी में बड़ा सुधार दर्ज किया गया है।
मुनाफे की रफ्तार और रिकवरी
Central Bank of India ने जून 2026 तिमाही के लिए जो नतीजे जारी किए हैं, वे बैंक के अब तक के सबसे मजबूत प्रदर्शनों में से एक हैं। बैंक ने ₹1,324 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है। सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि बैंक अब RBI के 'प्रॉम्प्ट करेक्टिव एक्शन' (PCA) फ्रेमवर्क से बाहर निकल चुका है, जो इसे ऑपरेशनली पूरी तरह रिकवर करने का संकेत देता है।
एसेट क्वालिटी और डिजिटल का दम
बैंक का नेट NPA गिरकर 0.49% के निचले स्तर पर आ गया है, जो इसके बेहतर क्रेडिट मैनेजमेंट को दर्शाता है। वहीं, बैंक ने 95.86% का प्रोविजन कवरेज रेशियो बनाए रखा है, जो भविष्य के जोखिमों के प्रति बैंक की सुरक्षा को मजबूत करता है।
डिजिटल मोर्चे पर, बैंक अपने 'Cent NEO' प्रोजेक्ट और 'Prambh' कैंपेन के जरिए CASA (Current Account Savings Account) बेस को बढ़ाने पर जोर दे रहा है। बैंक ने अपनी डिजिटल लेंडिंग प्लेटफॉर्म पर 45 नई डिजिटल यात्राएं (journeys) शुरू की हैं, ताकि ग्राहकों को लोन लेने में आसानी हो।
बैंक के मुख्य आंकड़े (Q1 FY27)
- CRAR: 18.28%
- CASA रेशियो: 46.61%
- ROE: 14.92%
- क्रेडिट कॉस्ट: 0.40%
निवेशकों के लिए आगे का रास्ता
बैंक का फोकस अब MSME और एग्रीकल्चर सेक्टर के क्लस्टर-बेस्ड लेंडिंग पर है, जिसके लिए 39 जिलों की 306 शाखाओं को चिन्हित किया गया है। आने वाले समय में निवेशकों के लिए नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) पर नजर रखना अहम होगा, क्योंकि प्रतिस्पर्धी बाजार में प्रॉफिटेबिलिटी को मेंटेन रखना बैंक की अगली बड़ी चुनौती हो सकती है।
