Capri Global Capital ने अपनी 32वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का ऐलान कर दिया है, जो **22 सितंबर 2026** को होगी। इस मीटिंग में कंपनी अपने कर्ज लेने की सीमा को **₹25,000 करोड़** से बढ़ाकर **₹35,000 करोड़** करने का प्रस्ताव रखेगी।
क्या है कंपनी का प्लान?
कंपनी के बोर्ड ने अपनी 32वीं AGM के लिए कई बड़े प्रस्ताव रखे हैं। कर्ज की सीमा में ₹10,000 करोड़ का इजाफा कंपनी के ऑपरेशंस और लोन बुक को विस्तार देने की मंशा को दर्शाता है। साथ ही, कंपनी ने FY26 के लिए ₹0.20 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देने का प्रस्ताव रखा है।
ESOP और गवर्नेंस में बदलाव
कंपनी अपने कर्मचारियों के लिए ESOP एक्सरसाइज पीरियड को 1 साल से बढ़ाकर 4 साल करने की योजना बना रही है, ताकि टैलेंट को रिटेन किया जा सके। इसके अलावा, लेंडर्स के लिए डेट-टू-इक्विटी कन्वर्जन की सुविधा भी एजेंडे का हिस्सा है।
बोर्ड में नए बदलाव
मीटिंग में राजेश शर्मा, डॉ. नूपुर मुखर्जी और शिशिर प्रियदर्शी की बोर्ड में फिर से नियुक्ति पर चर्चा होगी। साथ ही, नॉन-एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स के लिए सालाना कमीशन की लिमिट को नेट प्रॉफिट के 1% पर सीमित करने का प्रस्ताव रखा गया है, जो अक्टूबर 2026 से लागू होगा।
निवेशकों के लिए अहम जानकारी
निवेशकों को डिविडेंड पेआउट डेट और 4 सितंबर 2026 की रिकॉर्ड डेट पर नजर रखनी चाहिए। कर्ज की बढ़ती सीमा और ESOP पॉलिसी में बदलाव कंपनी के लॉन्ग-टर्म ग्रोथ और शेयरहोल्डर्स के लिए डाइल्यूशन इम्पैक्ट पर असर डाल सकते हैं, जिस पर AGM में होने वाली वोटिंग के बाद स्थिति साफ होगी।
