Beryl Securities Ltd की 32वीं AGM में निवेशकों ने सभी प्रस्तावों को लगभग सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी है। सबसे अहम फैसला इक्विटी शेयरों के प्रिफरेंशियल इश्यू को लेकर रहा, जिससे अब कंपनी के पास नई पूंजी जुटाने का रास्ता साफ हो गया है।
AGM में पास हुए अहम प्रस्ताव
Beryl Securities Ltd ने अपनी 32वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का आयोजन 25 अगस्त, 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किया। इस बैठक में शेयरधारकों ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए ऑडिटेड फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स को पूरी तरह से स्वीकार कर लिया है। इसके अलावा, मिस्टर अंशुल गुप्ता की बोर्ड में पुनः नियुक्ति को भी हरी झंडी मिल गई है।
सबसे बड़ा आकर्षण प्रिफरेंशियल इश्यू का प्रस्ताव था, जिसे प्रमोटर्स और नॉन-प्रमोटर्स दोनों के लिए मंजूरी दी गई है।
क्यों है यह फैसला महत्वपूर्ण?
प्रिफरेंशियल इश्यू को 99.99% समर्थन मिला है, जिसमें पब्लिक शेयरधारकों के 98,025 वोट पक्ष में डाले गए। इस पूंजी के आने से कंपनी का इक्विटी बेस और लॉन्ग-टर्म कैपिटल स्ट्रक्चर मजबूत होगा। खास बात यह है कि इस विशेष वोटिंग प्रक्रिया में प्रमोटर्स शामिल नहीं हुए, जिसका अर्थ है कि यह फैसला पूरी तरह से पब्लिक निवेशकों के भरोसे को दर्शाता है।
आगे क्या होगा?
अब कंपनी के मैनेजमेंट का ध्यान फंड जुटाने की प्रक्रिया को जमीन पर उतारने पर होगा। निवेशकों को अब कंपनी की तरफ से उन महत्वपूर्ण जानकारियों का इंतजार है, जैसे कि:
- इश्यू प्राइस: प्रति शेयर की कीमत क्या होगी?
- अलॉटीज: किन निवेशकों को शेयर जारी किए जाएंगे?
- टाइमलाइन: यह पूरी प्रक्रिया कब तक पूरी होगी?
मौजूदा शेयरधारकों को अब BSE की वेबसाइट पर आने वाली अगली फाइलिंग्स पर नजर रखनी चाहिए, क्योंकि इससे डाइल्यूशन (Dilution) का असर साफ हो पाएगा।
