Bengal & Assam Company Ltd के निवेशकों के लिए अच्छी खबर है। कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ₹50 प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है। साथ ही, कंपनी ने कंसॉलिडेटेड प्रॉफिट में भी शानदार बढ़ोतरी दर्ज की है, जो पिछले साल के ₹754.83 करोड़ से बढ़कर ₹843.40 करोड़ हो गया है।
₹50 प्रति शेयर डिविडेंड का ऐलान
Bengal & Assam Company Ltd के बोर्ड डायरेक्टर्स ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ₹50 प्रति इक्विटी शेयर (यानी 500%) के डिविडेंड की सिफारिश की है। यह सिफारिश शेयरहोल्डर्स की मंजूरी पर निर्भर करेगी, जो 8 सितंबर, 2026 को होने वाली 79वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में दी जाएगी। इस डिविडेंड के भुगतान के लिए कंपनी का अनुमानित कुल खर्च ₹57.02 करोड़ आएगा।
मुनाफे में जोरदार उछाल
कंपनी के कंसॉलिडेटेड मुनाफे (Consolidated Profit) में पिछले साल के मुकाबले अच्छी बढ़ोतरी हुई है। FY26 में यह बढ़कर ₹843.40 करोड़ हो गया है, जबकि पिछले वित्तीय वर्ष में यह ₹754.83 करोड़ था। वहीं, कंपनी का स्टैंडअलोन प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) भी FY26 में ₹119.77 करोड़ रहा, जो FY25 के ₹114.40 करोड़ से अधिक है। यह आंकड़े कंपनी के बेहतर वित्तीय प्रदर्शन को दर्शाते हैं।
जानिए कंपनी की पूरी कहानी
Bengal & Assam Company Ltd एक कोर इन्वेस्टमेंट कंपनी (CIC-ND-SI) के तौर पर RBI के साथ रजिस्टर्ड है। इसका मुख्य काम पेपर, टायर और सीमेंट जैसे सेक्टर्स में मौजूद अपनी सहयोगी कंपनियों में निवेश करना है। कंपनी फिलहाल अपने रजिस्टर्ड ऑफिस को पश्चिम बंगाल से हरियाणा शिफ्ट करने की प्रक्रिया में है। शेयरहोल्डर्स ने 5 अप्रैल, 2026 को पोस्टल बैलेट के जरिए इस बदलाव को मंजूरी दे दी है।
निवेशकों के लिए आगे क्या?
डिविडेंड की सिफारिश से शेयरहोल्डर्स को अच्छे रिटर्न की उम्मीद जगी है। वहीं, रजिस्टर्ड ऑफिस का हरियाणा शिफ्ट होना एक अहम एडमिनिस्ट्रेटिव बदलाव है, जो जल्द पूरा हो जाएगा। कंपनी एक नॉन-डिपॉजिट टेकिंग CIC के तौर पर अपना काम जारी रखेगी।
कानूनी पेंच पर नजर
हालांकि, कंपनी एक कानूनी मामले का सामना कर रही है। कोलकाता के कलेक्टर ऑफ स्टैम्प्स ने ₹10.73 करोड़ की स्टाम्प ड्यूटी की मांग की है, जिसके खिलाफ कलकत्ता हाईकोर्ट में एक रिट पिटीशन दायर की गई है। हाईकोर्ट ने फिलहाल कंपनी के खिलाफ किसी भी तरह की सख्त कार्रवाई पर रोक लगा दी है, लेकिन इस मामले का नतीजा निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण रहेगा।
