बैंक ऑफ बड़ौदा (Bank of Baroda) ने अपने निवेशकों को खुशखबरी दी है। बैंक ने वित्त वर्ष 2026 (FY26) के लिए अब तक का सबसे ज्यादा नेट प्रॉफिट **2,111 मिलियन डॉलर** दर्ज किया है। इसके साथ ही, बैंक की एसेट क्वालिटी में सुधार हुआ है और डिपॉजिट्स व एडवांसेज में भी तगड़ी ग्रोथ देखने को मिली है। कंपनी ने **0.09 डॉलर** प्रति शेयर के डिविडेंड का भी ऐलान किया है।
बैंक ऑफ बड़ौदा ने FY26 में दर्ज किया रिकॉर्ड 2,111 मिलियन डॉलर का नेट प्रॉफिट
बैंक ऑफ बड़ौदा का नेट प्रॉफिट 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष के लिए 2,111 मिलियन डॉलर के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया। वहीं, FY26 की चौथी तिमाही में बैंक ने 592 मिलियन डॉलर का नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के 532 मिलियन डॉलर की तुलना में 11.2% ज्यादा है।
क्यों है ये खबर अहम?
रिकॉर्ड मुनाफा और मजबूत परिचालन प्रदर्शन बैंक के मजबूत वित्तीय स्वास्थ्य और प्रभावी प्रबंधन का संकेत देते हैं। एसेट क्वालिटी में सुधार, जहां GNPA रेशियो 1.89% और NNPA रेशियो 0.45% तक गिर गया है, बेहतर जोखिम प्रबंधन को दर्शाता है। डिपॉजिट्स (12.0%) और एडवांसेज (16.2%) में मजबूत ग्रोथ आगे चलकर कमाई में निरंतर विस्तार की ओर इशारा करती है।
पूरी कहानी
वित्त वर्ष 2026 (FY26) के लिए, बैंक ऑफ बड़ौदा ने अपने संचालन में महत्वपूर्ण साल-दर-साल ग्रोथ हासिल की। ग्लोबल डिपॉजिट्स 12.0% बढ़कर 173,827 मिलियन डॉलर हो गए, जबकि ग्लोबल एडवांसेज 16.2% बढ़कर 150,775 मिलियन डॉलर हो गए। रिटेल एडवांसेज में 17.9% की अच्छी बढ़ोतरी हुई, और अंतरराष्ट्रीय एडवांसेज में 24.4% का उछाल आया।
आगे क्या?
अपने अब तक के सबसे मजबूत वित्तीय प्रदर्शन के साथ, बैंक ने FY26 के लिए 0.09 डॉलर प्रति शेयर के डिविडेंड का ऐलान किया है, जो मंजूरी के अधीन है। यह बैंक की कैपिटल पोजीशन और प्रॉफिटेबिलिटी में आत्मविश्वास को दर्शाता है। बैंक ने 15.82% के कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (CAR) के साथ एक मजबूत कैपिटल बेस बनाए रखा है।
जोखिम पर नज़र
हालांकि प्रदर्शन मजबूत है, निवेशकों को यह ध्यान देना चाहिए कि Q4 FY26 में कुल प्रोविजन्स बढ़कर 332 मिलियन डॉलर हो गए, जो Q4 FY25 में 164 मिलियन डॉलर थे। इसके अलावा, इंफ्रास्ट्रक्चर (एडवांसेज का 10.1%) और एनबीएफसी (NBFCs) (13.8% एडवांसेज) जैसे कुछ सेक्टर्स में कॉन्सेंट्रेशन रिस्क पर भविष्य में एसेट क्वालिटी की स्थिरता के लिए नजर रखने की जरूरत है।
सहकर्मियों से तुलना
FY26 में बैंक ऑफ बड़ौदा का प्रदर्शन, विशेष रूप से रिकॉर्ड नेट प्रॉफिट और एसेट क्वालिटी में सुधार, इसे अपने प्रतिस्पर्धियों के बीच मजबूत स्थिति में रखता है। एडवांसेज और डिपॉजिट्स में निरंतर डबल-डिजिट ग्रोथ मार्केट में मजबूत कॉम्पिटिटिव पोजिशनिंग का संकेत देती है।
आगे क्या ट्रैक करें?
निवेशक बैंक की प्रॉफिट ग्रोथ को बनाए रखने की क्षमता, अपने प्रोविजन्स को प्रभावी ढंग से प्रबंधित करने और उच्च जोखिम वाले सेक्टर्स में अपने एक्सपोजर की निगरानी करने पर ध्यान देंगे। घोषित डिविडेंड का शेयरधारकों के रिटर्न पर पड़ने वाला प्रभाव भी एक महत्वपूर्ण बिंदु होगा।
