Balrampur Chini Mills ने ₹450 करोड़ जुटाए
कंपनी ने 93,16,771 इक्विटी शेयर ₹483 प्रति शेयर के हिसाब से इश्यू किए हैं। इस अलॉटमेंट से कंपनी को कुल ₹450 करोड़ की रकम मिली है। ये शेयर 11 अलग-अलग निवेशकों को अलॉट किए गए हैं, जिनमें कंपनी के प्रमोटर्स के साथ-साथ कुछ नॉन-प्रमोटर संस्थागत निवेशक भी शामिल हैं।
क्यों हुई ये कैपिटल रेज़िंग?
यह प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट कंपनी के लिए एक बड़ा कदम है। इससे कंपनी को ताज़ा कैपिटल (Fresh Capital) मिलेगी, जिससे उसकी वित्तीय स्थिति और मज़बूत होगी। ₹450 करोड़ की इस रकम से Balrampur Chini Mills की पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल में बढ़ोतरी होगी। उम्मीद है कि इस फंड का इस्तेमाल कंपनी भविष्य में अपनी ग्रोथ योजनाओं के लिए या फिर कर्ज़ चुकाने के लिए कर सकती है।
हालाँकि, मौजूदा शेयरधारकों के लिए इसका मतलब है कि उनके मालिकाना हक़ (Ownership Stake) में थोड़ी कमी आएगी। इस अलॉटमेंट के बाद, कंपनी की पेड-अप इक्विटी कैपिटल ₹20,19,50,436 से बढ़कर ₹21,12,67,207 हो गई है।
बैकस्टोरी और आगे क्या?
इस अलॉटमेंट को लेकर स्टॉक एक्सचेंजों से 27 मई, 2026 को सैद्धांतिक मंज़ूरी (In-principle Approval) मिल गई थी, और 3 जून, 2026 को बोर्ड ऑफ़ डायरेक्टर्स (Board of Directors) ने भी सर्कुलर रेज़ोल्यूशन (Circular Resolution) के ज़रिए इसे मंज़ूरी दे दी थी। कंपनी ने कन्फर्म किया है कि सभी 11 निवेशकों से शेयर एप्लीकेशन और अलॉटमेंट का पैसा मिल चुका है।
नए अलॉट किए गए शेयर मौजूदा इक्विटी शेयरों की तरह ही माने जाएंगे, यानी उनके अधिकार और फ़ायदे बिल्कुल समान होंगे।
निवेशकों के लिए ज़रूरी बात
हालांकि नई पूंजी जुटाना कंपनी के लिए अच्छा है, लेकिन मौजूदा शेयरधारकों को यह देखना होगा कि कंपनी इस पैसे का इस्तेमाल कितनी अच्छी तरह करती है ताकि इक्विटी डाइल्यूशन (Equity Dilution) के असर को कम किया जा सके और अच्छा रिटर्न दिया जा सके। कंपनी के भविष्य के वित्तीय नतीजे ही तय करेंगे कि यह कदम कितना फायदेमंद रहा।
