Income Tax Department ने Asian Star Company Ltd पर **₹16.13 करोड़** की भारी-भरकम पेनल्टी लगाई है। कंपनी ने इस आदेश को 'असंवैधानिक' बताते हुए अपील करने का फैसला किया है।
क्या है पूरा मामला?
आयकर विभाग ने Income-tax Act, 1961 की Section 271G के तहत Asian Star Company पर ₹16.13 करोड़ का जुर्माना लगाया है। यह पेनल्टी ट्रांसफर प्राइसिंग ऑडिट के दौरान जानकारी साझा न करने के कारण लगाई गई है। कंपनी को यह आदेश 29 सितंबर, 2026 को ईमेल के जरिए मिला था, लेकिन इसकी जानकारी स्टॉक एक्सचेंज को 4 नवंबर, 2026 को दी गई।
कंपनी का पक्ष और अपील
मैनेजमेंट का कहना है कि यह आदेश पूरी तरह से 'अतार्किक' (unsustainable) है। कंपनी ने कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है और वे इसके खिलाफ अपील दायर कर रहे हैं। फिलहाल, यह पेनल्टी कंपनी के लिए एक बड़ी देनदारी के रूप में खड़ी है, जिसका सीधा असर कंपनी के लिक्विड कैपिटल पर पड़ सकता है।
देरी पर कंपनी ने मांगी माफी
कंपनी ने इस खबर को एक्सचेंज पर देर से बताने के लिए खेद जताया है। मैनेजमेंट ने कहा कि कानूनी परामर्श और आंतरिक समीक्षा में समय लगने की वजह से डिस्क्लोजर में देरी हुई। कंपनी ने भविष्य में ऐसी गलती न हो, इसके लिए अपने इंटरनल कंप्लायंस सिस्टम को और मजबूत करने का वादा किया है।
निवेशकों के लिए जोखिम
अगर अपील का फैसला कंपनी के पक्ष में नहीं आता है, तो उन्हें ₹16.13 करोड़ का भुगतान करना होगा। साथ ही, डिस्क्लोजर में देरी के कारण मार्केट रेगुलेटर्स की नजर अब कंपनी की पारदर्शिता (Transparency) और लिस्टिंग नियमों के पालन पर टिकी रहेगी।
