Anupam Finserv की 35वीं सालाना आम बैठक (AGM) में शेयरधारकों ने कंपनी के भविष्य के लिए अहम प्रस्तावों पर मुहर लगा दी है, जिसमें प्रेफरेंशियल आधार पर कन्वर्टिबल वारंट जारी करना भी शामिल है।
AGM के मुख्य निर्णय
चेयरमैन सिद्धार्थ गाला की अध्यक्षता में आयोजित इस 35वीं AGM में कंपनी ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए ऑडिटेड फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स को आधिकारिक रूप से अपना लिया है।
क्यों अहम है यह फैसला?
शेयरधारकों द्वारा कन्वर्टिबल वारंट्स को प्रेफरेंशियल आधार पर जारी करने की मंजूरी देना सबसे बड़ा घटनाक्रम है। यह इस बात का संकेत है कि कंपनी जल्द ही भारी फंड जुटाने की तैयारी में है। इससे कंपनी की बैलेंस शीट मजबूत होगी और भविष्य के विस्तार के रास्ते खुलेंगे। इसके अलावा, मैनेजिंग डायरेक्टर के वेतन (Executive Remuneration) को भी मंजूरी दे दी गई है।
गवर्नेंस और आगे का रास्ता
पूरी प्रक्रिया MCA और SEBI के कड़े नियमों के तहत की गई। 27 सितंबर से 30 सितंबर, 2026 तक रिमोट ई-वोटिंग सुविधा प्रदान की गई थी, जिसकी निगरानी स्क्रूटिनाइजर कुशला रावत ने की।
अब निवेशकों की नजरें BSE पोर्टल पर आने वाली स्क्रूटिनाइजर रिपोर्ट पर टिकी हैं। आगे यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इन वारंट्स का प्राइस क्या तय होता है और इन्हें किन लोगों को आवंटित किया जाता है, क्योंकि इसका सीधा असर शेयर की इक्विटी और डाइल्यूशन पर पड़ेगा।
