Ambuja Cements के प्रमोटर्स ने **$1.375 बिलियन** की रिफाइनेंसिंग डील के लिए अपनी **66.94%** हिस्सेदारी को एनकम्बर्ड (encumbered) किया है।
प्रमोटर्स का बड़ा फैसला
Ambuja Cements Ltd के प्रमोटर्स ने SEBI को दी जानकारी में बताया है कि उन्होंने $1.375 बिलियन की रिफाइनेंसिंग सुविधा हासिल करने के लिए अपनी 66.94% हिस्सेदारी को एनकम्बर्ड (encumbered) के रूप में दर्शाया है। इसमें कुल 166.33 करोड़ से अधिक शेयर शामिल हैं। यह पूरी प्रक्रिया अंतरराष्ट्रीय बैंकों के एक कंसोर्टियम के साथ की गई है, जिसमें Deutsche Bank AG, MUFG Bank और Standard Chartered Bank शामिल हैं।
क्या है इसमें ट्विस्ट?
निवेशकों के लिए सबसे जरूरी बात यह है कि कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह केवल एक 'एनकम्बरेस' (encumbrance) का मामला है, न कि शेयरों का सीधा 'pledge'। इस डील का मुख्य उद्देश्य पुराने कर्ज (Original Facilities) को चुकाना है। इस प्रक्रिया में गिरवी रखे गए शेयरों की मार्केट वैल्यू लगभग ₹59,657 करोड़ आंकी गई है।
रिस्क और चिंताएं
हालांकि रिफाइनेंसिंग एक सामान्य कॉर्पोरेट प्रक्रिया है, लेकिन इतनी बड़ी मात्रा में (66.94%) शेयरों का एनकम्बर्ड होना निवेशकों की नजर में एक बड़ा आंकड़ा है। बाजार के जानकारों का कहना है कि प्रमोटर ग्रुप की क्रेडिट स्थिति और भविष्य में इस व्यवस्था में किसी भी बदलाव पर कड़ी नजर रखनी चाहिए, क्योंकि इसका सीधा असर कंपनी के लॉन्ग-टर्म कंट्रोल और स्टेबिलिटी पर पड़ सकता है।
