Ucal Limited ने FY26 के नतीजों में **₹33.32 करोड़** का कंसोलिडेटेड नेट लॉस दर्ज किया है। मुनाफे में आई इस गिरावट की बड़ी वजह US सब्सिडियरी में हिस्सेदारी घटाना है, जिसके कारण कंपनी को **₹103.68 करोड़** का एक्सेप्शनल लॉस हुआ है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का लेखा-जोखा
कंपनी के नतीजों पर नजर डालें तो कंसोलिडेटेड नेट लॉस पिछले साल के ₹16.28 करोड़ से बढ़कर ₹33.32 करोड़ पर पहुंच गया है। हालांकि, स्टैंडअलोन लेवल पर कंपनी का रिवेन्यू 11% बढ़कर ₹646.64 करोड़ हो गया है, जो बिजनेस की मजबूती को दिखाता है।
घाटे के पीछे का कारण
इस लॉस के पीछे का मुख्य कारण Ucal Holdings Inc., USA में कंपनी की हिस्सेदारी का 100% से घटकर 10% पर आना है। इस स्ट्रैटेजिक बदलाव के चलते कंपनी को ₹103.68 करोड़ का वन-टाइम एक्सेप्शनल चार्ज झेलना पड़ा है।
ऑपरेशनल मजबूती
मुनाफे में गिरावट के बावजूद, कंपनी के अलग-अलग सेगमेंट्स में शानदार परफॉर्मेंस दिखी है:
- आफ्टरमार्केट (Aftermarket): 32% ग्रोथ
- OES: 21% ग्रोथ
- OE: 19% ग्रोथ
- नए प्रोडक्ट्स: रिवेन्यू में 150% का उछाल
आगे की रणनीति
मैनेजमेंट ने कैश को बचाने के लिए इस साल डिविडेंड (Dividend) नहीं देने का फैसला किया है। कंपनी ने FY27 के लिए ₹45 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) प्लान तय किया है। निवेशकों को अब कंपनी द्वारा जोड़े गए 4 नए OE ग्राहकों से होने वाली कमाई और लेबर कोड (Labour Code) के कारण मार्जिन पर पड़ने वाले असर पर नजर रखनी होगी।
