SPR Auto Technologies ने सितंबर तिमाही के लिए शानदार आंकड़े पेश किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू **61%** बढ़कर **₹16,482 मिलियन** हो गया है, हालांकि स्टैंडअलोन मुनाफे में कुछ कमी देखी गई है।
मुनाफे और रेवेन्यू का गणित
कंपनी ने सितंबर 2026 की तिमाही के लिए अपने अनऑडिटेड नतीजे जारी कर दिए हैं। कंसोलिडेटेड स्तर पर कंपनी ने आक्रामक ग्रोथ दिखाई है। रेवेन्यू ₹10,185 मिलियन से बढ़कर ₹16,482 मिलियन पर पहुंच गया है, जबकि कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट (PAT) बढ़कर ₹1,623 मिलियन रहा, जो पिछले साल इसी अवधि में ₹1,421 मिलियन था।
स्टैंडअलोन परफॉर्मेंस में दबाव
जहां कंसोलिडेटेड नंबर तेजी दिखा रहे हैं, वहीं स्टैंडअलोन बिजनेस में दबाव साफ है। कंपनी का स्टैंडअलोन प्रॉफिट गिरकर ₹1,189 मिलियन रह गया है, जो पिछले साल की इसी तिमाही में ₹1,339 मिलियन था। मैनेजमेंट ने इस अंतर के पीछे लेबर कोड के कुछ प्रावधानों को कारण बताया है।
QIP फंड का सही इस्तेमाल
अगस्त 2026 में कंपनी ने ₹4,280 प्रति शेयर के भाव पर ₹10,000 मिलियन जुटाए थे। लेटेस्ट डेटा के मुताबिक, कंपनी ने इस रकम में से ₹7,358 मिलियन का उपयोग कर्ज को रिफाइनेंस करने और कॉरपोरेट जरूरतों को पूरा करने में किया है। शेष ₹2,512 मिलियन फिलहाल बैंकों में निवेश किए गए हैं।
निवेशकों के लिए चेतावनी
निवेशकों को अब इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि कंपनी अपने अधिग्रहणों (Acquisitions) को कैसे इंटीग्रेट करती है और स्टैंडअलोन मार्जिन में सुधार कब तक आता है। फिलहाल कंपनी का मुख्य ऑपरेशनल दबाव कंसोलिडेटेड ग्रोथ के पीछे छिपा हुआ है, जिस पर आगे की राह निर्भर करेगी।
