Gabriel India Limited अब पैसेंजर व्हीकल सीटिंग मार्केट में अपने कदम जमा रही है। कंपनी ने Faurecia Automotive Seating India Private Limited के साथ मिलकर एक नया जॉइंट वेंचर (JV) शुरू किया है, जिसमें कुल **₹50 करोड़** का निवेश किया जाएगा।
क्या है नई स्ट्रैटेजी?
यह पार्टनरशिप मुख्य रूप से पैसेंजर गाड़ियों की सीटों की मैन्युफैक्चरिंग, असेंबली और डिस्ट्रीब्यूशन पर केंद्रित है। इस जॉइंट वेंचर में Gabriel India के पास 50% (एक शेयर कम) की हिस्सेदारी होगी, जबकि Faurecia के पास 50% (एक शेयर ज्यादा) हिस्सेदारी रहेगी।
क्यों है यह डील अहम?
यह कदम Gabriel India के लिए बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह कंपनी को अपने पारंपरिक सस्पेंशन बिजनेस से हटकर एक नए 'पावरट्रेन-अग्नोस्टिक' (Powertrain-agnostic) सेगमेंट में ले जाता है। इसका मतलब है कि कंपनी अब उन प्रोडक्ट्स पर फोकस कर रही है जो गाड़ियों के इंजन के टाइप (चाहे वह EV हो या ICE) से प्रभावित नहीं होते। इससे भविष्य के लिए कंपनी का एक नया और मजबूत ग्रोथ वर्टिकल तैयार होगा।
निवेश और मैनेजमेंट
₹50 करोड़ का यह कुल निवेश दो चरणों में किया जाएगा: ₹10 करोड़ कंपनी के इनकॉर्पोरेशन के समय और ₹40 करोड़ क्लोजिंग के वक्त। जॉइंट वेंचर को 6 सदस्यों वाला एक बोर्ड चलाएगा, जिसमें दोनों पार्टनर बराबर की हिस्सेदारी रखेंगे। इसके अलावा, एक बिजनेस ट्रांसफर एग्रीमेंट के जरिए FASI का मौजूदा फ्रेम्स बिजनेस भी इस नए वेंचर में शामिल किया जाएगा।
निवेशकों के लिए चेतावनी
इस प्रोजेक्ट का काम 31 दिसंबर, 2026 तक पूरा होने का लक्ष्य रखा गया है। निवेशकों को इस टाइमलाइन पर नजर रखनी चाहिए, क्योंकि बिजनेस के विस्तार और ऑपरेशंस को सही तरीके से मैनेज करना कंपनी के लिए एक बड़ी चुनौती होगी।
