लिस्टेड कंपनी के तौर पर Dhoot Transmission ने पहली बार शानदार आंकड़े पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट **₹132.67 करोड़** रहा है, जिसमें हाल ही में अधिग्रहित Multilink का योगदान भी शामिल है।
पहली तिमाही में दमदार रफ्तार
Dhoot Transmission ने जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए अपने अन-ऑडिटेड नतीजे जारी कर दिए हैं। 17 अगस्त 2026 को NSE और BSE पर लिस्ट होने के बाद यह कंपनी की पहली तिमाही रिपोर्ट है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू बढ़कर ₹1,446.42 करोड़ पर पहुंच गया है, जबकि पिछले साल की समान अवधि में यह ₹966.33 करोड़ था। वहीं, नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹96.25 करोड़ से बढ़कर ₹132.67 करोड़ हो गया है।
अधिग्रहण का असर
इस ग्रोथ के पीछे एक मुख्य वजह 'Multilink' का अधिग्रहण है, जिसे कंपनी की सब्सिडियरी 'Dhoot Automotive Systems' ने ₹421.16 करोड़ में खरीदा है। चूंकि यह इंटीग्रेशन 10 जून 2026 को प्रभावी हुआ था, इसलिए नतीजों में इनऑर्गेनिक ग्रोथ साफ दिख रही है। फिलहाल कंपनी अधिग्रहण के लिए परचेज प्राइस एलोकेशन (PPA) प्रक्रिया पूरी कर रही है।
निवेशकों के लिए सावधानी और आगे की राह
निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि मौजूदा आंकड़ों की पिछले साल की अवधि से तुलना करना थोड़ा चुनौतीपूर्ण है, क्योंकि इसमें Multilink के ऑपरेशन भी जुड़ गए हैं। इसके अलावा, इंटीग्रेशन के दौरान एडवाइजरी और कंसल्टिंग फीस के तौर पर कंपनी ने ₹3 करोड़ का एक्सेप्शनल खर्च भी दर्ज किया है। अब निवेशकों की नजर कंपनी द्वारा IPO फंड के इस्तेमाल पर रहेगी, जिसकी जानकारी अगली रिपोर्टिंग के दौरान दी जाएगी।
