Apollo Tyres ने Q1 FY27 में दमदार प्रदर्शन करते हुए अपने कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में **12.8%** का शानदार सालाना उछाल दर्ज किया है, जो अब **₹74 अरब** पर पहुँच गया है। कंपनी के भारतीय ऑपरेशन्स ने **₹54.6 अरब** के रिकॉर्ड रेवेन्यू के साथ इस ग्रोथ में सबसे बड़ी भूमिका निभाई। हालांकि, कच्चे माल की बढ़ती कीमतों के कारण EBITDA मार्जिन में **150 बेसिस पॉइंट्स** की गिरावट आई है।
Apollo Tyres की Q1 में शानदार ग्रोथ, पर मार्जिन पर दबाव
Apollo Tyres ने Q1 FY27 के नतीजे पेश किए हैं, जिसमें कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 12.8% बढ़कर ₹74 अरब हो गया है। वहीं, कंपनी के भारतीय कारोबार ने ₹54.6 अरब का रिकॉर्ड रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल से 15.6% ज्यादा है। यह ग्रोथ मुख्य रूप से वॉल्यूम आधारित रही है।
मार्जिन पर महंगाई का असर
हालांकि, टॉप-लाइन ग्रोथ अच्छी रही, लेकिन Apollo Tyres के कंसोलिडेटेड EBITDA मार्जिन में 150 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट आई है और यह 11.7% पर आ गया है। इसका मुख्य कारण कच्चे माल की कीमतों में आई लगभग 17% की बढ़ोतरी को माना जा रहा है।
आगे क्या?
कंपनी ने भारत में 7-9% तक कीमतें बढ़ाने में सफलता हासिल की है, जो बढ़ती लागत को कुछ हद तक संभालने में मदद करेगा। Apollo Tyres ने पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए ₹3,000 करोड़ से अधिक के कैपेक्स (Capex) का अनुमान लगाया है, जिसमें Q1 में ₹650 करोड़ खर्च किए गए। कंपनी यूरोप में अपने Enschede प्लांट को जून 2026 तक बंद करने की योजना पर भी काम कर रही है, जिससे दूसरी छमाही FY27 से परिचालन क्षमता बढ़ने की उम्मीद है। CFO गौरव कुमार के इस्तीफे के बाद नेतृत्व परिवर्तन पर भी निवेशकों की नजर रहेगी।
