Prime Fresh Limited ने नासिक में अपने 'पेरी-अर्बन वेजिटेबल क्लस्टर प्रोजेक्ट' के लिए नेशनल हॉर्टिकल्चर बोर्ड (NHB) के साथ एक जरूरी ग्रांट एग्रीमेंट साइन किया है।
प्रोजेक्ट अब प्लानिंग से एक्शन मोड में
Prime Fresh Limited के लिए यह एक बड़ा मील का पत्थर है। कंपनी ने 15 अक्टूबर, 2026 को नेशनल हॉर्टिकल्चर बोर्ड (NHB) के साथ आधिकारिक तौर पर ग्रांट एग्रीमेंट साइन किया है। इससे पहले, कंपनी को 13 सितंबर, 2026 को इस प्रोजेक्ट के लिए इन-प्रिंसिपल अप्रूवल मिल चुका था। अगस्त 2025 में जमा की गई डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) के बाद यह करार कंपनी की सरकारी क्लस्टर डेवलपमेंट योजनाओं में भागीदारी को मजबूती देता है।
निवेशकों के लिए क्या हैं मायने?
यह एग्रीमेंट सिर्फ कागजी कार्रवाई नहीं है, बल्कि कंपनी के कामकाज को बड़े स्तर पर ले जाने की तैयारी है। NHB का समर्थन मिलने से नासिक क्षेत्र में कंपनी की वेजिटेबल सप्लाई चेन ऑपरेशन्स को स्केल करना काफी आसान हो जाएगा। बड़े पैमाने पर होने वाली कृषि इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में जो मुश्किलें आती हैं, उन्हें कम करने में यह सरकारी ग्रांट काफी मददगार साबित होगी।
आगे क्या देखना होगा?
शेयरधारकों को अब कंपनी की आने वाली एक्सचेंज फाइलिंग्स पर नजर रखनी चाहिए। इसमें यह देखना अहम होगा कि कंपनी का अपना फाइनेंशियल आउटले कितना होगा और प्रोजेक्ट की समयसीमा क्या तय की गई है। साथ ही, NHB द्वारा निर्धारित माइलस्टोन्स पर भी ध्यान देना होगा, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि ग्रांट का पैसा सही तरीके से काम में लाया जा रहा है।
