MRP Agro Ltd ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू **₹59.09 करोड़** और नेट प्रॉफिट **₹4.10 करोड़** रहा। अब कंपनी कमोडिटी ट्रेडिंग से हटकर वैल्यू-एडेड फूड प्रोसेसिंग की ओर कदम बढ़ा रही है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और बदलाव
कंपनी के स्टैंडअलोन प्रदर्शन पर नजर डालें तो रेवेन्यू पिछले साल के ₹103.92 करोड़ से घटकर ₹59.06 करोड़ रह गया है। वहीं, स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट भी ₹6.90 करोड़ से गिरकर ₹4.02 करोड़ पर आ गया है। इस दौरान कंपनी ने 3.91 लाख वारंट्स के कन्वर्जन के जरिए अपनी पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल को बढ़ाकर ₹11.50 करोड़ कर लिया है।
भविष्य की रणनीति
MRP Agro अब अपने बिजनेस मॉडल को बदल रही है। कंपनी का फोकस अब कमोडिटी ट्रेडिंग से हटकर हाई-मार्जिन फूड प्रोसेसिंग बिजनेस पर है। इसके लिए कंपनी ने ₹8 करोड़ का टर्म लोन लिया है और ₹6.51 करोड़ का कॉन्ट्रैक्ट नए फ्लोर मिल प्रोजेक्ट के लिए साइन किया है। साथ ही, जून 2025 में कंपनी ने PRM Tradelink में 89.16% हिस्सेदारी ₹5.61 करोड़ में खरीदी है।
जोखिम और गवर्नेंस
प्रॉफिटेबिलिटी में कमी के चलते कंपनी का Return on Equity (ROE) रेश्यो 0.30 से घटकर 0.11 पर आ गया है। कंपनी को मानसून पर निर्भरता और कमोडिटी कीमतों में उतार-चढ़ाव जैसे बाहरी जोखिमों का भी सामना करना पड़ रहा है। एडमिनिस्ट्रेटिव बदलाव के तहत Ms. Akansha Sawlani को कंपनी सेक्रेटरी और कंप्लायंस ऑफिसर नियुक्त किया गया है।
आगे क्या देखना होगा?
निवेशकों के लिए फ्लोर मिल प्रोजेक्ट की निर्माण प्रगति सबसे महत्वपूर्ण होगी। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या फूड प्रोसेसिंग में यह शिफ्ट आने वाले समय में कंपनी के गिरते मार्जिन को संभाल पाएगा या नहीं।
