Bharatam Ventures ने अपनी 41वीं AGM में बड़े बदलावों को मंजूरी दी है। कंपनी अब ₹40 करोड़ के वारंट जारी करेगी और अपने कारोबार का विस्तार एग्रो-कमोडिटीज में करने जा रही है।
फंड जुटाने का प्लान
कंपनी ने अपनी 41वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में पूंजी जुटाने के बड़े प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है। शेयरहोल्डर्स ने 4,00,00,000 कन्वर्टिबल वारंट जारी करने की मंजूरी दी है, जिसकी कीमत ₹10 प्रति वारंट तय की गई है। इस तरह कुल ₹40 करोड़ का फंड जुटाया जाएगा। अपनी कैपिटल स्ट्रक्चर को दुरुस्त करने के लिए कंपनी ने अधिकृत शेयर कैपिटल को ₹0.5 करोड़ से बढ़ाकर ₹40.5 करोड़ कर दिया है।
नया बिजनेस विजन
अब कंपनी का फोकस केवल पुराने काम तक सीमित नहीं रहेगा। बोर्ड ने बिजनेस के मुख्य उद्देश्यों में बदलाव करते हुए एग्रो-कमोडिटीज सेक्टर में एंट्री का रास्ता साफ कर दिया है। इसमें चीनी और उससे संबंधित कृषि उत्पादों की मैन्युफैक्चरिंग, ट्रेडिंग और प्रोसेसिंग शामिल होगी।
बड़े प्रशासनिक बदलाव
कंपनी ने अपने रजिस्टर्ड ऑफिस को मुंबई से पुणे शिफ्ट करने का फैसला लिया है। इसके साथ ही गवर्नेंस में भी कई बड़े बदलाव किए गए हैं:
- ऑडिटर नियुक्ति: M/s. N K Mittal & Associates को अगले 5 वर्षों (फाइनेंशियल ईयर 2026-27 से 2030-31) के लिए स्टैच्यूटरी ऑडिटर नियुक्त किया गया है।
- बोर्ड में नए चेहरे: केतन ईश्वरलाल कटारिया को प्रमोटर नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, प्रवीण शांताराम थिगले को प्रोफेशनल एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और राहुल चंद्रात्रे को नॉन-एग्जीक्यूटिव नॉन-इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के रूप में नियुक्त किया गया है।
आगे क्या देखना होगा?
निवेशकों की नजर अब इस बात पर रहेगी कि कंपनी जुटाए गए फंड का इस्तेमाल कैसे करती है और क्या एग्रो-कमोडिटीज का नया बिजनेस कंपनी की टॉप-लाइन और बॉटम-लाइन में कितनी ग्रोथ ला पाता है। साथ ही, कंपनी द्वारा संबंधित पक्षों (Related Parties) के साथ किए गए ट्रांजैक्शंस पर भी निवेशकों को सतर्क रहना चाहिए।
