NIBE Ltd ने अपना FY 2025-26 का एनुअल रिपोर्ट पेश कर दिया है। कंपनी ने शेयरधारकों के लिए **₹1.30** प्रति शेयर डिविडेंड का प्रस्ताव रखा है और साथ ही **₹1,000 करोड़** तक के कर्ज लेने की मंजूरी भी मांगी है।
मुनाफे और रेवेन्यू में सुस्ती
कंपनी की फाइनेंशियल हेल्थ पर नजर डालें तो इस बार आंकड़े थोड़े कमजोर रहे हैं। FY 2025-26 में कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू घटकर ₹416.71 करोड़ रहा, जो पिछले साल ₹481.47 करोड़ था। वहीं, प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) भी ₹37.61 करोड़ से गिरकर ₹26.24 करोड़ पर आ गया है।
लीडरशिप और विस्तार की योजनाएं
बदलावों के दौर से गुजर रही कंपनी में अब गणेश रमेश निबे (Ganesh Ramesh Nibe) नए CEO होंगे। पिछले कुछ महीनों में पुराने CEO और CFO के इस्तीफे के बाद यह नियुक्ति काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। वहीं, कंपनी अपने डिफेंस प्रोजेक्ट्स जैसे कि 'SURYASTRA' यूनिवर्सल रॉकेट लॉन्चर और पोखरण-जोशीमठ में हुए 100 किमी रेंज सिस्टम के सफल परीक्षणों के दम पर भविष्य में ग्रोथ की उम्मीद लगाए हुए है। साथ ही, कंपनी अब बायो-CNG और सैटेलाइट टेक्नोलॉजी में भी कदम रख रही है।
गवर्नेंस पर चिंताएं
इन्वेस्टर्स को इस बात पर भी गौर करना चाहिए कि सीक्रेटेरियल ऑडिट रिपोर्ट में फाइलिंग कंप्लायंस और संबंधित पक्षों के साथ लेनदेन (Related Party Transactions) में देरी के संकेत मिले हैं। हालांकि कंपनी ने इस पर लगे जुर्माने भर दिए हैं, लेकिन गवर्नेंस के ये गैप भविष्य में सावधानी बरतने का संकेत देते हैं।
आगे की राह
शेयरधारकों को अब इस बात पर नजर रखनी होगी कि कंपनी ₹1,000 करोड़ के नए कर्ज का उपयोग किस तरह करती है और नए मैनेजमेंट का डिफेंस सेक्टर में कंपनी के प्रदर्शन पर क्या असर पड़ता है।
