Kavveri Defence & Wireless Technologies ने अपने बिजनेस को विस्तार देने के लिए Samoro Telecoms Private Limited के साथ विलय की मंजूरी दे दी है। इस डील के तहत कंपनी के प्रमोटर्स की हिस्सेदारी **24.56%** से बढ़कर **45.20%** हो जाएगी।
क्या है डील का गणित?
बोर्ड ने इस मर्जर के लिए एक शेयर स्वैप रेश्यो तय किया है, जिसके तहत Samoro Telecoms के हर 1 शेयर के बदले निवेशकों को Kavveri Defence के 453 शेयर मिलेंगे। इस एकीकरण का मुख्य उद्देश्य मैन्युफैक्चरिंग, R&D और तकनीकी क्षमताओं को एक साथ लाना है ताकि डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर में कंपनी अपनी पैठ मजबूत कर सके।
प्रमोटर्स की बढ़ेगी पकड़
इस विलय के पूरा होने के बाद कंपनी के कैपिटल स्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव आएगा। मौजूदा प्रमोटर होल्डिंग जो 1,47,65,931 शेयर यानी 24.56% है, वह बढ़कर 3,74,15,931 शेयर या 45.20% तक पहुंच जाएगी। यह कदम लिस्टेड कंपनी में प्रमोटर्स के नियंत्रण को और अधिक केंद्रीकृत करेगा।
रिस्क और आगे की राह
चूंकि यह एक 'रिलेटेड पार्टी ट्रांजेक्शन' है, इसलिए निवेशकों को NCLT की मंजूरी की प्रक्रिया पर नजर रखनी चाहिए। हालांकि कंपनी ने इसे 'आर्म्स लेंथ' वैल्युएशन के तहत रखने का दावा किया है, लेकिन लेनदारों या शेयरधारकों की ओर से किसी भी तरह की आपत्ति इस डील के समय को प्रभावित कर सकती है।
फाइनेंशियल सेहत
31 मार्च 2026 तक के आंकड़ों के मुताबिक, Kavveri Defence की कुल एसेट वैल्यू ₹126.55 करोड़ थी, जबकि कंपनी की नेट वर्थ ₹111.72 करोड़ दर्ज की गई थी। वहीं, Samoro Telecoms का टर्नओवर इसी अवधि के दौरान ₹4.70 करोड़ रहा।
