Aequs Limited ने दिग्गज कंपनी Safran के साथ कई लंबी अवधि के सप्लाई एग्रीमेंट्स साइन किए हैं। इस डील के तहत कंपनी अब सुपरअलॉय मशीनिंग और लैंडिंग गियर असेंबली जैसे नए क्षेत्रों में काम करेगी, जिसके पार्ट्स Airbus और Boeing के विमानों में इस्तेमाल होंगे।
ग्लोबल मार्केट में Aequs का दबदबा
इस नई डील के साथ Aequs अब ग्लोबल एयरोस्पेस सप्लाई चेन में और मजबूत हो गई है। कंपनी का काम अब केवल लैंडिंग सिस्टम तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि Safran Aerosystems के साथ मिलकर ये सुपरअलॉय मशीनिंग, कॉम्प्लेक्स सरफेस कोटिंग्स और लैंडिंग गियर असेंबली जैसे हाई-वैल्यू काम करेंगे। ये पुर्जे दुनिया के सबसे बड़े विमान प्रोग्राम्स जैसे Airbus A320, A330, A350 और Boeing 787 के लिए तैयार किए जाएंगे।
इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार
कंपनी अपनी प्रोडक्शन क्षमता को बढ़ाने के लिए दो बड़े हब का इस्तेमाल करेगी: बेलागावी का एयरोस्पेस क्लस्टर और होसुर, तमिलनाडु में बन रहा नया 'Engine Components Ecosystem' (AECE)। यह कदम कंपनी की टियर-1 सप्लायर के तौर पर साख को और पुख्ता करता है।
भरोसे की नींव
याद दिला दें कि जुलाई 2026 में भी Aequs ने Safran Landing Systems के साथ 2042 तक के लिए पहियों की असेंबली का बड़ा कॉन्ट्रैक्ट साइन किया था। ये लगातार दूसरी बड़ी जीत है जो दोनों कंपनियों के बीच बढ़ते भरोसे को दर्शाती है।
निवेश के नजरिए से रिस्क और संभावनाएं
हालांकि कंपनी तेजी से बढ़ रही है, लेकिन एयरोस्पेस सेक्टर में कच्चा माल (जैसे सुपरअलॉय) की कीमतों में उतार-चढ़ाव और ग्लोबल सप्लाई चेन की जटिलताएं हमेशा एक रिस्क बनी रहती हैं। निवेशकों के लिए अब सबसे महत्वपूर्ण 'ट्रैक करने वाली' चीज होसुर स्थित नई फैसिलिटी का समय पर काम शुरू करना होगा।
